मेरठ। मेरठ पहुंचे प्रदेश के कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही ने आज जिले के विकास कार्य और कानून व्यवस्था की समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने सर्किट हाउस में एक पत्रकार वार्ता में कहा कि छुटटा पशुओं से जल्द ही किसानों और ग्रामीणों को निजात मिलेगी। यह सरकार की प्राथमिकता में शामिल है।
कृषि मंत्री और प्रभारी मंत्री सूर्यप्रताप शाही ने कहा कि किसानों की आमदनी बढ़ाने के लिए जैविक खेती पर ध्यान दिया जाएगा। यह जैविक खेती गंगा किनारे की जाएगी। इससे किसान खेती के अन्य विकल्पों पर कार्य करके अपनी आमदनी बढ़ा सकेंगे। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार द्वारा चलाई योजनाओं की जानकारी के बारे में उन्होंने कहा कि ये उनका पहला दौरा है। यहां पर एक-एक योजना की समीक्षा के बाद इसके बारे में पता कर बताया जाएगा।
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आखिर उनमें क्या प्रगति हुई है। कृषिमंत्री को बताया गया कि किसानों को प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि मिलने में परेशानी आ रही है। जिन किसानों के बैंक खाते आधार से लिंक थे उनको भी आधार से लिंक कराने को कहा जाता है। इसके चलते किसानों के खाते में सम्मान निधि नहीं पहुंच रही है। भाजपाइयों ने इसके लिए अलग से एक सेंटर बनाए जाने की मांग की।
वहीं कार्यकर्ताओं ने कृषि मंत्री से कहा कि किसानों को ट्यूबवेल कनेक्शन लेने के लिए रसीद कटवाने के पांच साल बाद तक भी कनेक्शन नहीं मिल सका है। कृषि मंत्री से किनोनी शुगर मिल पर किसानों के बकाया भुगतान की भी मांग उठाई। मेरठ दौरे में प्रभारी मंत्री सूर्य प्रताप शाही के साथ दो राज्यमंत्री अजीत कुमार पाल,जसवंत सैनी भी उपस्थित रहे। प्रभारी मंत्री सूर्य प्रताप शाही ने परीक्षितगढ़ क्षेत्र के गांव आलमगीरपुर बढ़ला में पुस्तकालय और ओपन जिम का उद्घाटन किया। इस दौरान उन्होंने गांव में चौपाल लगाकर सरकारी योजनाओं की जानकारी दी।
