Titan Submarine accident: टाइटैनिक जहाज का मलबा देखने समुद्र में मीलों नीचे गए अरबपतियों का रोमांचक सफर दुखद अंत में बदल गया। समुद्र में पनडुब्बी लापता होने के बाद सभी यात्रियों को मृत घोषित कर दिया है। बताया जा रहा है कि समंदर की गहराइयों में विस्फोट से पनडुब्बी के टुकड़े.टुकड़े हो गए। पनडुब्बी में सवार सभी लोगों की मौत हो गई।
सबमरीन 19 जून को पांच लोगों को लेकर टाइटैनिक जहाज देखने के अभियान पर
समुद्र की तलहटी में समाए टाइटैनिक जहाज के मलबे को देखने की सुविधा उपलब्ध कराने वाली कंपनी ओशनगेट की लोकप्रियता अरबपतियों के बीच काफी बढ़ी थी। ओशनगेट के दावों के मुताबिक उसके पनडुब्बी टाइटन से समुद में 4.000 मीटर की गहराई तक यात्रा की जा सकती है। ओशनगेट का टाइटन सबमरीन 19 जून को पांच लोगों को लेकर टाइटैनिक जहाज देखने के अभियान पर निकला था।
हादसे में मारे गए पांच लोगों में शामिल अरबपतियों को रोमांच का शौक था। सबमरीन हादसे में मरे पांच अरबपतियों में पाकिस्तानी मूल के ब्रिटिश अरबपति शहजादा दाऊद, उनके बेटे सुलेमान दाऊद, ब्रिटिश अरबपति हामिश हार्डिंग, फ्रांस के एक्सप्लोरर पॉल हेनरी और पनडुब्बी का संचालन करने वाली कंपनी ओशनगेट के सीईओ स्टॉकटोन रश थे।
हामिश हार्डिंग
टाइटन सबमरीन के चालक दल में ब्रिटिश व्यापारी और खोजकर्ता हामिश हार्डिंग भी थे। यह पहली बार नहीं था जब वो ऐसे साहसिक अभियान का हिस्सा बने हो। उनके नाम अन्वेषण.आधारित गतिविधियों में शामिल होने के गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड हैं। वो बाहरी अंतरिक्ष में जाने वाले ब्लू ओरिजिन के अभियान में शामिल थे। रिपोर्ट्स के अनुसार हामिश हार्डिंग वह ब्रिटिश व्यापारी थे। जिन्होंने नामीबिया से आठ चीतों को भारत लाने में भारत सरकार की मदद की थी। समुद्र की गहराईयों में जाने से पहले हार्डिंग ने अपना अनुभव इंस्टाग्राम पर शेयर किया था और मिशन के जोखिमों के बारे में भी बताया था। उन्होंने कहा था, न्यूफाउंडलैंड में 40 साल में सबसे खराब सर्दियों के कारण, यह मिशन 2023 में टाइटैनिक के लिए पहला और एकमात्र मानवयुक्त मिशन है। मौसम में थोड़ा सुधार हुआ है और हम कल गोता लगाने की कोशिश करेंगे। जोखिम भरी जिन परिस्थितियों का उन्होंने जिक्र किया उससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि टाइटन पनडुब्बी से संचार कैसे डिस्कनेक्ट हुआ।
पाकिस्तानी मूल के ब्रिटिश कारोबारी शहजादा दाऊद बेटे सुलेमान
पाकिस्तानी मूल के ब्रिटिश कारोबारी शहजादा दाऊद अपने बेटे सुलेमान के साथ टाइटन पनडुब्बी पर सवार थे। दाऊद पाकिस्तान के सबसे धनी परिवारों में एक हैं। हालांकि वो ब्रिटने में रहते थे। दाऊद परिवार ने 20 जून 2023 को बयान जारी किया। जिसमें पनडुब्बी से संपर्क टूटने की बात कही थी।
फ्रांसीसी समुद्री गोताखोर पॉलहेनरी नारजियोलेट
टाइटन पनडुब्बी में सबसे अनुभवी फ्रांसीसी समुद्री गोताखोर पॉलहेनरी नारजियोलेट थे। उन्हें मिस्टर टाइटैनिक कहते थे। उन्होंने किसी भी अन्य खोजकर्ता की तुलना में टाइटैनिक जहाज के मलबे के साथ अधिक समय बिताया था। वह 1987 में टाइटैनिक जहाज मलबे के लिए पहले मानवयुक्त मिशन का हिस्सा थे। वे आरएमएस टाइटैनिक नाम की कंपनी में पानी के अनुसंधान निदेशक थे। उनकी उम्र 77 साल थी।
स्टॉकटोन रश
हादसे का शिकार टाइटन पनडुब्बी में सवार पांचवें व्यक्कित थे ओशनगेट के सीईओ स्टॉकटोन रश। रश टाइटन समर्सिबल के पायलट थे। रश ने 2009 में ओशनगेट की स्थापना की थी। 61 साल के रश का कहना था कि आकाश के बजाय समुद्र मानवता को जीवित रहने का अच्छा मौका देता है। जहां पृथ्वी की सतह निर्जन हो जाती है। टाइटन के संचार की देखरेख वही करती थीं। हालांकि इसकी पुष्ट नहीं हुई है।
कनाडा के न्यूफाउंडलैंड से 16 जून को यात्रा की शुरुआत
टाइटन पनडुब्बी के यात्रियों ने कनाडा के न्यूफाउंडलैंड से 16 जून को यात्रा की शुरुआत की थी। सभी लोग एक जहाज से पहले अटलांटिक महासागर में पहुंचे। जहां टाइटैनिक जहाज का मलबा मौजूद है। इसके बाद 19 जून को सभी समर्सिबल से पानी के अंदर उतरे। सुबह ये लोग समुद्र की गहराई में उतरे और सुबह करीब 11.47 बजे पनडुब्बी से संचार संपर्क टूट गया। टाइटन पनडुब्बी एक मिनी वैन के आकार की थी। इसके फर्श पर पांच से छह लोग बैठ सकते थे। टाइटैनिक के मलबे तक पहुंचने के लिए इसका अभियान आम तौर पर आठ घंटे तक का था। हालांकि टाइटन के पांच यात्रियों के लिए लगभग 96 घंटे की ऑक्सीजन थी। पांचों यात्रियों को शाम 6.10 बजे वापस लौटना था। जिसके बाद शाम 6.35 बजे बचाव कार्य शुरू किया गया। गुरुवार को अथॉरिटीज ने टाइटन के यात्रियों को मृत घोषित कर दिया। पनडुब्बी में विस्फोट होने का खुलासा किया।

