- मृत्युदर में आई 4 प्रतिशत तक की गिरावट
- मंडल के छह जिलों में दूसरे स्थान पर पहुंचा
अमित बिश्नोई
मेरठ। कोरोना संक्रमण के कारण हो रही मौतों से सवालों के घेरे में आये मेरठ को अब थोड़ी राहत मिलती दिख रही है। मेरठ में कोविड 19 से होने वाली मौतों में 4 प्रतिशत तक की गिरावट आ गयी है। मेरठ में कोरोना संक्रमण से होने वाली मृत्यु की दर मई में जहां 6.24 प्रतिशत थी वहीं अक्टूबर में मृत्युदर 2.04 प्रतिशत हो गयी है। हालांकि मंडल के छह जिलों में मेरठ मृत्युदर के मामले में अब भी दूसरे नंबर पर है। मंडल में अक्टूबर माह में हापुड़ में सबसे अधिक मृत्युदर 2. 43 प्रतिशत दर्ज की गई है।
कोविड -19 से मेरठ में हो रही मौतों की संख्या ने प्रशासन की पेशानी पर बल डाल दिये थे। वहीं शासन ने भी गंभीर स्थिति पर त्यौंरिया चढ़ा ली थी। शासन की ओर से समय-समय पर अधिकारियों को भेज कर कोरोना संक्रमण को रोकने और मरीजों को बेहतर उपचार दिलाने का प्रयास जारी रहा।
ये कहते हैं आंकड़े
| जिले का नाम | कुल पॉजिटिव | कुल मौतें | मृत्युदर |
| मई 2020 | |||
| मेरठ | 433 | 27 | 6.24% |
| जीबी नगर | 414 | 6 | 6.10% |
| गाज़ियाबाद | 405 | 4 | 1.31% |
| बागपत | 43 | 1 | 2.33% |
| बुलंदशहर | 126 | 2 | 1.59% |
| हापुड | 148 | 2 | 1.35% |
| जून 2020 | |||
| मेरठ | 534 | 42 | 7.87% |
| जीबी नगर | 1890 | 16 | 0.85% |
| गाज़ियाबाद | 1277 | 49 | 3.84% |
| बागपत | 222 | 3 | 1.35% |
| बुलंदशहर | 468 | 18 | 3.85% |
| हापुड | 491 | 12 | 2.44% |
| जुलाई 2020 | |||
| मेरठ | 1169 | 20 | 1.71% |
| जीबी नगर | 3024 | 21 | 0.69% |
| गाज़ियाबाद | 3473 | 11 | 0.32% |
| बागपत | 346 | 7 | 2.02% |
| बुलंदशहर | 775 | 14 | 1.81% |
| हापुड | 612 | 6 | 0.98% |
| अगस्त 2020 | |||
| मेरठ | 1911 | 30 | 1.57% |
| जीबी नगर | 2730 | 2 | 0.07% |
| गाज़ियाबाद | 3392 | 4 | 0.12% |
| बागपत | 288 | 6 | 2.08% |
| बुलंदशहर | 991 | 12 | 1.21% |
| हापुड | 494 | 12 | 2.43% |
| सितम्बर 2020 | |||
| मेरठ | 5241 | 108 | 2.06% |
| जीबी नगर | 5206 | 9 | 0.17% |
| गाज़ियाबाद | 5915 | 8 | 0.14% |
| बागपत | 398 | 6 | 1.51% |
| बुलंदशहर | 1312 | 14 | 1.07% |
| हापुड | 961 | 12 | 1.25% |
| अक्टूबर .1 से 28 तक | |||
| मेरठ | 3181 | 65 | 2.04% |
| जीबी नगर | 4158 | 14 | 0.34% |
| गाज़ियाबाद | 3955 | 7 | 0.18% |
| बागपत | 190 | 1 | 0.53% |
| बुलंदशहर | 800 | 11 | 1.38% |
| हापुड | 536 | 13 | 2.43% |
वहीं प्रशासन ने भी कोरोना से हो रही मौतों को रोेकने के लिये विशेष रणनीति तैयार की। इसके अन्र्तगत डेथ ऑडिट करने, मेडिकल काॅलेज के कोविड अस्पताल में भर्ती गंभीर मरीजों को बेहतर उपचार प्रदान कराने, और होम आइसोलेशन में रह रहे कोरोना संक्रमितों की निगरानी करने और उन्हें उचित जानकारी, उपचार उपलब्ध कराने की दिशा में कार्य किया गया।
वहीं प्राईवेट अस्पतालों को भी अलर्ट जारी करने के साथ कोरोना मरीजों के उपचार के संबंध में जानकारी देने के लिये कार्यशाला, बैठकें आयोजित की गयीं। कोरोना संक्रमितों के सैंपलों की जांच में होने वाली देरी को रोकने के लिये भी व्यवस्था में परिवर्तन किया गया।
सर्दी में कोरोना संक्रमण फैलने का अंदेशा, अलर्ट जारी
सर्दी के मौसम में कोरोना संक्रमण के बढ़ने की अंदेशे के चलते प्रशासन ने अलर्ट जारी किया है। मंडल में कोरोना से होने वाली मौतों को रोकने के लिये विशेष गंभीरता बरतने के निर्देश दिये गये हैं। अधिकारियों को मृत्युदर कम करने के लिये रणनीति तैयार करने को कहा गया है।
वहीं संक्रमण की रोकथाम में लापरवाही बरतने पर कमिश्नर स्तर से कड़ी कार्रवाई की जाने की चेतावनी भी दी गयी है। क्योंकि स्वास्थ्य विभाग द्वारा जारी रिपोर्ट से कुछ सूकून तो मिला है मगर कोरोना संक्रमण के केसो में आशातीत कमी नहीं आयी है। ऐसे में अभी सावधानी बरतना आवश्यक है।
जिले में मौतों को रोकने के लिये हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं। मृत्युदर में काफी कमी भी आई है। हमारी कोशिश है की मरीजों को बेहतर से बेहतर इलाज मिल सके।- डा. राजकुमार, सीएमओ मेरठ

