उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आज विधान सभा में राज्यपाल के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव के समर्थन में बोलते हुए कहा कि प्रदेश की 25 करोड़ जनता की सत्तापक्ष, प्रतिपक्ष तथा हर जनप्रतिनिधि से आकांक्षाएं हैं। अलग-अलग दल के लोग प्रदेश की अलग-अलग विधान सभा क्षेत्रों से निर्वाचित होकर विधान सभा में आए हैं। प्रदेश में हर किसी की अपनी अपेक्षाएं तथा विकास की आकांक्षाएं हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सदन में चर्चा के दौरान हर सदस्य ने जो कुछ नया कहा है, राज्य सरकार उस पर विचार करेगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि रामराज्य कोई धार्मिक व्यवस्था नहीं है। रामराज्य सार्वकालिक, सार्वदेशिक, सार्वभौमिक तथा काल-परिस्थिति से अप्रभावित एक शाश्वत व्यवस्था है, जो हर परिस्थिति में कार्य करने की क्षमता रखती है। वर्तमान में पूरा प्रदेश रामराज्य का पक्षधर बन चुका है।
Also Read : UP Vidhan Sabha News : विधानसभा को सेल्फी पॉइंट समझने वाले दो पत्रकारों के कार्ड हुए रद्द
मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश, देश की सबसे बड़ी आबादी का राज्य है। पूर्व में हर सरकार ने प्रयास किया होगा, लेकिन वह प्रदेश की आवश्यकता के अनुसार जनाकांक्षाओं का प्रतीक नहीं बन पा रही थीं। उन्होंने कहा कि हमारा मिशन सत्ता प्राप्त करना नहीं, देश हित में कार्य करना है। भारत में संसदीय लोकतंत्र की व्यवस्था है। हम सभी को इसका सम्मान करना होगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 2017 में प्रदेश में सरकार बनने के बाद डबल इंजन की सरकार ने डबल-ट्रिपल स्पीड में कार्य किया। ‘ईज़ ऑफ डुईंग बिजनेस’ रैंकिंग में सुधार हुआ तथा ‘ईज़ ऑफ लिविंग’ में उल्लेखनीय कार्य किया गया। उन्होंने कहा कि वर्ष 2017 से पहले दुनिया के सबसे बड़े सिविल पुलिस बल में 1.5 लाख पद रिक्त थे। हमारी सरकार ने निष्पक्ष और पारदर्शी भर्ती प्रक्रिया के माध्यम से पुलिस बल में 1.54 लाख भर्ती सम्पन्न करायी। साथ ही, ट्रेनिंग की क्षमता में तीन गुना विस्तार किया गया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में पहली बार 04 पुलिस कमिश्नरेट बनाए गए। एस0डी0आर0एफ0, यू0पी0एस0एस0एफ0 का गठन किया गया। हमारी सरकार ने प्रत्येक रेंज में साइबर थाने बनाए।लखनऊ में उ0प्र0 इंस्टीट्यूट ऑफ फॉरंसिक साइंसेज की स्थापना की कार्यवाही हो रही है। हमारी सरकार ने पूर्ववर्ती सरकारों द्वारा समाप्त की गई 54 पी0ए0सी0 कम्पनियों को बहाल किया। इसके माध्यम से दंगामुक्त प्रदेश का लक्ष्य प्राप्त किया जा सका। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने मातृशक्ति का सम्मान करते हुए प्रदेश में पहली बार 03 महिला पी0ए0सी0 बटालियन का गठन किया है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार द्वारा स्नातक और स्नातकोत्तर उपाधियां प्राप्त 01 करोड़ युवाओं को निःशुल्क टैबलेट/स्मार्टफोन प्रदान किया जा रहा है। अब तक प्रदेश के 12.5 लाख युवाओं को टैबलेट/स्मार्टफोन वितरित किए जा चुके हैं। हमारी सरकार एक परिवार कार्ड जारी करने जा रही है। इसके माध्यम से प्रत्येक परिवार के एक नौजवान को नौकरी या रोजगार अथवा स्वरोजगार से जोड़ने का कार्य किया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 2017 में हमारी सरकार ने अवैध बूचड़खानों को प्रतिबन्धित किया। गोवंश की तस्करी पर रोक लगायी। निराश्रित गोवंश के संरक्षण के लिए बड़ी संख्या में गो-आश्रय स्थलों की स्थापना करायी गई। वर्तमान में 09 लाख से अधिक निराश्रित गोवंश, गो-आश्रय स्थलों में संरक्षित हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि पहले प्रदेश की पहचान बिजली के अभाव में अंधेरे और सड़कों में गड्ढों से होती थी। वर्तमान में उत्तर प्रदेश ‘एक्सप्रेस प्रदेश’ के रूप में जाना जा रहा है। इण्टरस्टेट कनेक्टिविटी को 4-लेन किया गया है। राज्य सरकार द्वारा विद्युत उत्पादन बढ़ाने के लिए कार्य किया जा रहा है। इस वर्ष के अन्त तक ओबरा-सोनभद्र, जवाहरपुर-एटा, पनकी-कानपुर नगर, घाटमपुर-कानपुर देहात की विद्युत परियोजनाओं के प्रारम्भ हो जाने पर प्रदेश में ऊर्जा उत्पादन वर्ष 2016 में हो रहे विद्युत उत्पादन से दोगुना हो जाएगा।
उन्होंने कहा कि वर्तमान राज्य सरकार प्रदेश की सम्भावनाओं को साकार करने के लिए अवसर उपलब्ध करा रही है। इससे ‘नए भारत के नए उत्तर प्रदेश’ की परिकल्पना भी साकार हो रही है।
