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प्रियंका की चुनावी सभाओं से बदली मण्डी लोकसभा की राजनीतिक हवा

priyanka

लोकसभा चुनाव के अंतिम चरण में 57 सीटों पर एक जून को मतदान होना है, अंतिम चरण में हिमाचल प्रदेश की 6 लोकसभा सीटों पर मतदान होना है. कांग्रेस पार्टी की महासचिव प्रियंका गाँधी ने इस आखरी चरण के मतदान में हिमाचल की ज़िम्मेदारी अपने ऊपर ले ली है. पिछले दो तीन दिनों से वो हिमाचल प्रदेश में धुंआधार चुनाव प्रचार कर रही हैं. आज भी मंडी लोकसभा के अंतर्गत कुल्लू और सुंदरनगर में उन्होंने बड़ी जनसभाओं को सम्बोधित किया। मंडी में भाजपा की कंगना रनौत के खिलाफ कांग्रेस पार्टी के लिए पूर्व मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह के बेटे और सुक्खू सरकार में मंत्री विक्रमादित्य मैदान में हैं. बता दें कि प्रियंका की सभाओं में ज़बरदस्त भीड़ नज़र आ रही है. विधानसभा चुनाव में भी प्रियंका ने मोर्चा संभाला था और कांग्रेस की सरकार बनी थी.

दोनों ही चुनावी सभाओं में प्रियंका गाँधी ने सिर्फ मुद्दों की बात करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री मोदी मातृ शक्ति की बहुत बात करते हैं लेकिन सच्चाई तो ये है कि देश में जब भी महिलाओं पर अत्याचार हुआ कभी भी नरेंद्र मोदी महिलाओं के साथ नहीं खड़े हुए। प्रियंका ने कहा, यूपी का हाथरस और उन्नाव कांड इस बात का गवाह है जहां पूरी सरकार महिलाओं पर अत्याचार करने वालों के साथ खड़ी दिखी। हद तो तब हो गई जब कर्नाटक में सैकड़ों महिलाओं के साथ अत्याचार करने वाले के लिए नरेंद्र मोदी वोट मांगते दिखे। मणिपुर में महिलाओं के साथ क्या क्या हुआ, पूरी दुनिया ने देखा लेकिन नरेंद्र मोदी ने अपनी आँखें बंद ही रखीं।

प्रधानमंत्री पर हमला बोलते हुए प्रियंका गाँधी ने कहा कि जब अमीरों का 16 लाख करोड़ का कर्ज माफ करना होता है तो केंद्र सरकार के पास पैसे होते हैं। लेकिन जब पुरानी पेंशन देने, किसानों के कर्ज माफ करने की बात उठती है तो मोदी सरकार कहती है- हमारे पास पेंशन देने के पैसे नहीं है। कर्ज माफ करेंगे तो देश की अर्थव्यवस्था ठप हो जाएगी।

प्रियंका ने कहा, हिमाचल में आपदा है तो उसकी मदद करने के बजाये नरेंद्र मोदी और अमित शाह धनबल के जरिए सरकार गिराने में लग जाते हैं। प्रियंका ने कहा, जब लोकतंत्र का मजाक बनता है, तब मीडिया इसकी वाहवाही करती है। हिमाचल में आपदा आई तो नरेंद्र मोदी ने इसे राष्ट्रीय आपदा घोषित नहीं किया, सिर्फ इसलिए क्योंकि यहां कांग्रेस की सरकार थी। मतलब संकट के समय में भी नरेंद्र मोदी को राजनीति सूझ रही थी। जब हमने पुरानी पेंशन की बात की तो केंद्र सरकार ने कहा- पैसे नहीं है, लेकिन सुक्खू जी ने प्रदेश में पुरानी पेंशन योजना शुरू कर रखी है। आज देश का नौजवान बेरोजगार हैं लेकिन मोदी सरकार अग्निवीर जैसी योजना ले आई। हमने वन रैंक, वन पेंशन की बात की तो इन्होंने OROP को भी बदल डाला। मोदी सरकार ने आज डिसएबिलिटी पेंशन में भी कटौती कर दी है। प्रियंका ने कहा कि सवाल है कि जनता के लिए नरेंद्र मोदी कर क्या रहे हैं?

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