Congress Electoral Roll: अब इलेक्टोरल रोल पर कांग्रेस में बवाल

 
Electoral Roll

कांग्रेस पार्टी और दोनों एक दुसरे का पर्याय बनते जा रहे हैं, इस पार्टी में अब कुछ भी विवाद के बिना नहीं होता. ताज़ा विवाद कांग्रेस अध्यक्ष पद के लिए होने वाले चुनाव में इलेक्टोरल रोल को सार्वजानिक करने को लेकर है. इलेक्टोरल रोल को सार्वजानिक करने की मांग मनीष तिवारी, शशि थरूर और कार्ति चिदंबरम जैसे नेता कर रहे हैं. थरूर का नाम अध्यक्ष पद का चुनाव लड़ने के लिए सामने आया है. वहीँ पार्टी ने इन लोगों की इस मांग को ख़ारिज कर दिया है. पार्टी का कहना है कि यह कांग्रेस पार्टी की आंतरिक प्रक्रिया है, इलेक्टोरल रोल सभी प्रदेश कांग्रेस दफ्तरों में उपलब्ध है, जिस पार्टी सदस्य को चाहिए वो जाकर ले सकता है जबकि मनीष तिवारी और थरूर जैसे नेता मतदाता सूची को पार्टी की वेबसाइट पर डालने की मांग कर रहे हैं ताकि जिसे भी देखना हो वहां जाकर देख सके. 

बता दें कि काफी उठापटक और गाँधी फैमिली के अध्यक्ष पद के लिए इंकार के बाद के बाद CWC चुनाव कार्यक्रम को फाइनल किया है जिसके अनुसार नामांकन प्रक्रिया 24 सितंबर से शुरू होगी और 17 अक्टूबर को ज़रुरत पड़ी तो चुनाव होंगे. 19 अक्टूबर नए अध्यक्ष की घोषणा की जाएगी. अध्यक्ष पद के राहुल गांधी अपने इंकार पर अड़े हुए हैं, सोनिया गाँधी अपनी स्वास्थ्य समस्याओं को लेकर पहले इस ज़िम्मेदारी से हटने की बात कह चुकी हैं, वहीँ राहुल गाँधी इस बात पर भी अड़े हुए हैं प्रियंका या परिवार का कोई और सदस्य पार्टी अध्यक्ष नहीं बनेगा. ऐसे में अब चुनाव द्वारा ही पार्टी अध्यक्ष तलाशने की कवायद शुरू हुई है और इस कवायद के शुरू होते ही विवाद भी शुरू हो गए हैं. 

मतदाता सूची सार्वजानिक करने की सबसे पहले मांग G-23 गुट के मनीष तिवारी ने उठाई, अब मनीष तिवारी की इस मांग को थरूर और कार्ति चिदंबरम का समर्थन मिला है. मनीष तिवारी का मानना है कि निष्पक्ष चुनाव के लिए मतदाता सूची का सार्वजनिक करना सबसे ज़रूरी है. स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव के लिए प्रतिनिधियों के नाम और पते कांग्रेस की वेबसाइट पर उपलब्ध होने चाहिए. मनीष तिवारी की इस बात का समर्थन करते हुए थरूर ने भी कहा कि कौन नामांकन और कौन वोट कर सकता है, सभी को ये जानकारी होनी चाहिए. वहीँ कांग्रेस सांसद कार्ति चिदंबरम ने कहा कि हर चुनाव में एक पारदर्शी इलेक्टोरल कॉलेज की जरूरत होती है.