Site icon Buziness Bytes Hindi

कृषि सुधार कानून दोबारा से लाने का कोई विचार नहींः केंद्रीय कृषि मंत्री


कृषि सुधार कानून दोबारा से लाने का कोई विचार नहींः केंद्रीय कृषि मंत्री

नई दिल्ली। नागपुर में आयोजित एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए केंद्रीय कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर ने कहा था कि कुछ लोगों के विरोध किये जाने से हमें एक कदम पीछे हटना पड़ा। लेकिन हम दोबारा आगे बढ़ेंगे। ऐसे में किसान संगठनों ने कृषि कानून वापस लाने की संभावनाएं जाहिर करते हुए विरोध करने की तैयारी शुरू कर दी थीं। वहीं विपक्षी दल भी कृषि कानून फिर से लागू होने को चुनावी मुद्दा बना रहे थे। लेकिन केंद्रीय कृषि मंत्री ने स्पष्ट कर दिया है कि सरकार का कृषि सुधार कानून दोबारा से लाने का कोई विचार नहीं है।

Read also: जी20 सम्मेलन में तोमर ने कहा, खाद्य सुरक्षा के लिए कृषि अनुसंधान जरूरी

न्यूज एजेंसी एएनआई से वार्ता करते हुए केंद्रीय कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर ने कहा कि कृषि सुधार कानून भारत सरकार किसानों की भलाई के लिये लेकर आयी थी। पीएम मोदी ने बड़प्पन का परिचय देते हुए आंदोलन को समाप्त करने की दृष्टि से इन कानूनों को वापस लिया है। अभी मैं एग्रो विजन मैं भाषण दे रहा था जिसमें मेरे शब्दों को गलत तरीके से प्रस्तुत करके उसकी गलत दिशा विकसित की जा रही है। मेरे कहने का यह आश्य बिल्कुल नहीं था जो दिखाया जा रहा है। मैने यह कहा कि कृषि सुधार कानून की दृष्टि से हम पीछे हटे हैं लेकिन किसान की भलाई के लिये भारत सरकार लगातार आगे बढ़ती रहेगी। इसलिये इस मामले में किसी को कोई गलतफहमी नहीं होनी चाहिये। कृषि सुधार कानून दोबारा से लाने का सरकार का कोई विचार नहीं है।

Read also: सुखबीर सिंह ने मीडिया घरानों पर आयकर छापेमारी की निंदा की

केंद्रीय कृषि मंत्री ने स्थिति को और स्पष्ट करने के लिये अपने ट्वीटर हैंडल पर भी लिखा कि कृषि कानून पुनः लाने का सरकार का कोई विचार नहीं है। किसानों का मान रखने के लिए प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी ने कृषि सुधार कानूनों को वापस लेने का निर्णय किया था। नरेंद्र सिंह तोमर ने आगे लिखा की अपनी असफलताओं पर पर्दा डालने के लिए कांग्रेस पार्टी भ्रम फैलाने का नकारात्मक कार्य करती है। इससे किसानों को सावधान रहना चाहिए।

Exit mobile version