सुप्रीम कोर्ट का सुप्रीम निर्णय : नोएडा के ट्विन टावर गिराए जाने के खिलाफ दायर याचिका खारिज

 
Supertech Twin Tower

नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट ने आज नोएडा में 40 मंजिला सुपरटेक ट्विन टावर को गिराए जाने के खिलाफ दायर याचिका को खारिज कर दिया है। सुप्रीम कोर्ट ने याचिकाकर्ता संगठन पर पांच लाख रुपये का जुर्माना लगाया है। सुप्रीम कोर्ट ने कहा  कि जुर्माने का उपयोग उन अधिवक्ताओं के परिवार के लाभ के लिए किया जाना चाहिए जो कोरोना वायरस से प्रभावित हुए। नोएडा प्राधिकरण के अधिवक्ता ने बताया कि पिछली बैठक के बाद से अब तक क्या-क्या हुआ। इस पर हमने एक स्थिति रिपोर्ट दायर की। एक बैठक सात जून को और दूसरी 19 जुलाई को हुई। वकील ने कोर्ट को बताया कि एडिफिस इंजीनियरिंग ने आश्वासन दिया कि 21 अगस्त 2022 को 2.30 बजे सुपरटेक ट्विन टावर विध्वंस होगा।

Read also: Monsoon Session Live: संसद में महंगाई को लेकर विपक्ष का हंगामा, सदन दोपहर तक के लिए स्थगित

सुपरटेक ट्विन टावर को गिराने की तारीख पर आखिरी मुहर अब लग चुकी है। सुपरटेक ट्विन टावर में विस्फोटक लगाने का काम अब बाकी रह गया। वो भी दो अगस्त से शुरू कर दिया जाएगा। नागपुर से लाकर विस्फोटक को नोएडा से 80 किमी दूर हरियाणा के पलवल में रखा गया है। जरूरत के हिसाब से रोजाना उतना विस्फोटक नोएडा में पहुंचाया जाएगा। रोज शाम को बाकी बचा विस्फोटक वापस पलवल भेजा जाएगा। विस्फोटक लगाने के दौरान टावर की सुरक्षा बढ़ा दी जाएगी। तकनीशियनों के अलावा और किसी को भी टावर के अंदर जाने की अनुमति नहीं दी जाएगी। वहीं सुपरटेक ट्विन टावर के आसपास का इलाका पहले ही खाली करा लिया गया है। सुपरटेक ट्विन टावर में विस्फोट के दौरान कितना नुकसान होगा। इसका आंकलन भी कंपनी द्वारा किया जा चुका है। सुप्रीम कोर्ट ने सुपरटेक ट्विन टावर मामले में याचिका दायर करने वाले संगठन को चेतावनी दी है कि अगर उन्होंने फिर से काम में दखलंदाजी की कोशिश की तो उनके खिलाफ सख्त एक्शन लिया जाएगा।