Breaking News: तेज आवाज में नहीं बजेगा डीजे,ऐप पर होगा कांवड़ियों का रजिस्ट्रेशन

 
कांवड़ियों

हरिद्वार। उत्तर प्रदेश की तर्ज़ पर अब उत्तराखंड में कांवड़ यात्रा मार्ग में शराब और मांस की दुकानें बंद रहेंगी। कांवड़ लेकर देवभूमि आने वाले शिवभक्तों को​हथियार लाने पर मनाही रहेगी। इसके साथ ही यात्रा के चप्पे चप्पे पर नज़र और व्यवस्था के लिए जवानों की फोर्स तैनात रहेगी। आज से सावन माह शुरू हो चुका है। इसी के साथ आज से औपचारिक तौर पर कांवड़ यात्रा की शुरूआत हो चुकी है। उत्तराखंड मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने इंतजामों के निर्देश जारी करते हुए बताया कि इस बार 5 से 6 करोड़ कांवड़िए राज्य में पहुंच सकते हैं। सीएम धामी के बयान के अनुसार कोरोना काल के दो साल बाद शुरू हो रही कांवड़ यात्रा के लिए राज्य ने करीब छह करोड़ श्रद्धालुओं के हिसाब से व्यवस्थाएं बनाई हैं। इधर, आला अधिकारियों के अनुसार करीब 10 हजार पुलिस जवान, 11 एडिशनल एसपी के साथ 38 सर्किल ऑफसरों और करीब पांच कम्पनी एटीएस के ज़िम्मे रहेंगी। कांवड़ क्षेत्र में चार सौ सीसीटीवी कैमरों से नज़र रखी जाएगी। हर सर्किल में ड्रोन कैमरे से पुलिस मॉनिटरिंग करेगी।

Read also: Adi Kailash Yatra 2022: भारी बरसात के कारण अब आदि कैलाश यात्रा पर लगा ब्रेक,अगस्त महीने से शुरू होगी यात्रा

यात्रा के दौरान रुड़की, हरिद्वार और ऋषिकेश को जाने वाला 60 किमी हाईवे से वाहनों का रूट डायवर्ट किया जाएगा। पुलिस ने कांवड़ यात्रा में आने वाले शिव भक्तो के लिए एक ऐप तैयार किया है। जिसमें रजिस्ट्रेशन करने से कांवड़ियों को कई प्रकार की सुविधाएं मिलेगीं। रूट प्लान से लेकर गाड़ियों की पार्किंग सुविधाओं के बारे में ऐप में जानकारी है। कांवड़ियों से स्वेच्छा से रजिस्ट्रेशन करवाने की अपील की है। जिससे कि आपात स्थिति में उन्हें ट्रैक किया जा सके। डीजीपी अशोक कुमार ने शिवभक्तों से अपील की है कि हथियार साथ लेकर न चलें। त्रिशूल,तलवार,  लाठियां और अन्य तरह के ​हथियारों का उपयोग वर्जित है। कांवड़ यात्रियों के रास्ते में शराब और मांस की दुकानें बंद रखने के निर्देश दिए हैं। इसके साथ ही तेज़ आवाज़ में डीजे बजाना प्रतिबंधित रहेगा।