Site icon Buziness Bytes Hindi

Covid Vaccination: ओमिक्रॉन के नए वैरिएंट नें बढाई चिंता, टीकाकरण अभियान तेज करने की कवायद

Covid Vaccination

नई दिल्ली। भारत सहित विश्व के कई देशों में कोरोना ओमिक्रॉन के नए वैरिएंट ने दस्तक दी है। ऐसे में अब देश में जारी कोरोना टीकाकरण अभियान को तेज करने की कवायद शुरू की गई है। सरकारी आंकड़ों के अनुसार अब तक कोरोना टीकाकरण की 200 करोड़ से अधिक खुराक दी जा चुकी है। लेकिन इसके बाद भी यह अभियान अभी तक पूरा नहीं हुआ है। कोरोना टीके की 200 करोड़ खुराक में पहली व दूसरी खुराक लेने वाले लोगों के अलावा ऐहतियाती खुराक लेने वालों का आंकड़ा शामिल किया गया है। कोरोनारोधी टीकाकरण अभियान को अभी और लंबा चलाना है। सरकारी अधिकारियों ने कहा कि अभियान अभी खत्म नहीं हुआ।

आधिकारिक सूत्रों की माने तो सरकार के पास तीन करोड़ टीकों का स्टॉक है। अधिकारियों के मुताबिक टीकाकरण अब अंतिम चरण में है लेकिन अभी तक पूरा नहीं हुआ है। तीन करोड़ टीकों का स्टॉक कुछ महीनों के लिए पर्याप्त है। सूत्रों ने बताया कि टीकों की खरीदने की फिलहाल कोई जरूरत नहीं है। लेकिन ऐसा नहीं है कि अभियान पूरा हो गया हो। केंद्र सरकार ने अब अभियान तेज करने के प्रयास शुरू कर दिए हैं।

केंद्र सरकार ने कोरोना महामारी शुरू होने के बाद 16 जनवरी 2021 से कोरोना टीकाकरण अभियान शुरू किया था। पहले चरण में डॉक्टरों, स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं को टीके लगाए थे। इसके बाद 21 जून 2021 से देशव्यापी टीकाकरण का अभियान शुरू हुआ था। टीकों की बढ़ती उपलब्धता के साथ अभियान को आगे बढ़ाया गया। इसमें केंद्र व संघ शासित राज्यों ने भूमिका निभाई। केंद्र सरकार ने सभी राज्यों को टीके मुफ्त मुहैया कराए। अब तक टीकाकरण के कई चरण भी पूरे हो गए हैं। दो अनिवार्य खुराक के अलावा एहतियाती या बूस्टर खुराक के रूप में तीसरी खुराक लोगों को दी जा चुकी है।

ओमिक्रॉन का नया सब वैरिएंट बीए.5.1.7 ज्यादा संक्रामक बताया जा रहा है। चीन के मंगोलिया क्षेत्र में ओमिक्रॉन का ये नया सब वैरिएंट BA.5.1.7 मिला है। सिंगापुर में भी एक्सएक्सबी वैरिएंट से ग्रसित मरीजों की संख्या तेजी से बढ़ रही है। ऐसे में भारत में टीकाकरण अभियान को तेज किया गया है। भारत में नए सब वैरिएंट के मरीज मिल चुके हैं। गुजरात जैव प्रौद्योगिकी अनुसंधान केंद्र ने BF.7 के केस की पुष्टि की है। देश में सक्रिय केस की संख्या 26,625 है। जो कुल केस की तुलना में मात्र 0.06 प्रतिशत है।

जैव प्रौद्योगिकी अनुसंधान केंद्र की वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ0 माधवी ने रिपोर्ट में बताया कि BF.7 भारत में पाया गया है। यह ओमिक्रॉन फैमिली का सब-वैरिएंट है। ओमिक्रॉन को बहुत गंभीर समस्याओं वाला नहीं माना गया।ऐसे में इस सब-वैरिएंट को लेकर अधिक परेशान होने की जरूरत नहीं है। नए सब वैरिएंट और इसके डायनामिक को देख रहे हैं।

Exit mobile version