Site icon Buziness Bytes Hindi

Mulayam Singh Yadav Last Rites: पंचतत्व में विलीन हुआ समाजवाद का लाल मुलायम

Mulayam Singh Yadav Last Rites

image credit: Buzinessbytes

समाजवादी पार्टी के संस्थापक, संरक्षक, समाजवाद का लाल, उत्तर प्रदेश का तीन बार का पूर्व मुख्यमंत्री, देश का पूर्व रक्षा मंत्री मुलायम सिंह यादव आज इस नश्वर संसार को छोड़कर सदा के लिए पंच तत्व में विलीन हो गया इटावा के पैतृक गांव सैफई में उनका पूरे राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार हुआ. मुलायम सिंह यादव को मुखाग्नि उनके पुत्र और सपा मुखिया अखिलेश यादव ने दी. इससे पहले उनके पार्थिव शरीर को अंतिम दर्शन के लिए सुबह 10 बजे से सैफई मेला ग्राउंड के पंडाल में रखा गया था. बता दें कि 82 साल की उम्र में मुलायम सिंह ने गुरुग्राम के मेदांता अस्पताल में अंतिम सांस ली थी.

अपने प्रिय नेता के अंतिम दर्शन करने के लिए सपा कार्यकर्ताओं और नेताओं का विशाल हुजूम कल से सैफई में मौजूद है, वहीँ आज मुलायम सिंह यादव को अंतिम विदाई देने देश भर की सभी पार्टियों के नेताओं, कई राज्यों के मुख्यमंत्री पहुंचे, देश के पूर्व रक्षा मंत्री को आखरी सलाम करने मौजूदा रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह भी आज सैफई में मौजूद रहे. एक अनुमान के मुताबिक सैफई में एक लाख से ज्यादा की भीड़ मौजूद थी। सैफई का हर गली कूचा और मैदान लोगों से भरा हुआ रहा। नेताजी जी के बहुत से चाहने समर्थक विलाप करते नज़र आये। नुमाइश पंडाल जहाँ पर मुलायम सिंह का पार्थिव शरीर रखा हुआ था सिर्फ इंसानों के सिर नज़र आ रहे थे.

अपने हरदिल अजीज नेता मुलायम सिंह को अंतिम विदाई देते वक्त लोगों का हुजूम उमड़ा. धरतीपुत्र की एक झलक पाने को लोग बेताब दिखे. बहुत से लोग पेड़ों पर चढ़े हुए नज़र आये, चारों तरफ और नेताजी अमर रहे के नारे लग रहे थे. मुलायम सिंह का पार्थिव शरीर जिस वाहन सैफई के शमशान घाट ले जाया गया उस वाहन में अखिलेश यादव के बाबा रामदेव मौजूद के साथ कई कई वीआईपी मौजूद रहे. इससे पहले सैफई के नुमाइश ग्राउंड में नेताजी के पार्थिव शरीर को तिरंगे में लपेटा गया जिसे उत्तर प्रदेश पुलिस ने उन्हें आखिरी सलामी दी।

Exit mobile version