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Yogi Mantrimandal: दोषसिद्धि आदेश की फाइल लेकर योगी के मंत्री हुए फरार

मंत्रियों की मनमर्ज़ी अब अदालत में भी चलने लगी, सत्ता के नशे में चूर माननीयों की हिम्मत इतनी बढ़ गयी है कि अदालत से लेकर फाइलें तक लेकर भागने लगे हैं. मामला उत्तर प्रदेश का है जहाँ योगी सरकार के कैबिनेट मंत्री अदालत से अपनी सजा से जुड़ी आदेश की फाइल ही लेकर भाग गए. यह मामला कानपूर की कोर्ट का है जहाँ योगी सरकार के कैबिनेट मंत्री राकेश सचान को एक पुराने मामले में दोषी करार दिया गया. लेकिन अदालत द्वारा सजा सुनाने से पहले ही अपने वकील की मदद से मंत्री महोदय अदालत के आदेश की मूल प्रति लेकर ही फरार हो गए.

मंत्री जी की इस हरकत के बाद पुलिस प्रशासन में हड़कंप मच गया. जानकारी के मुताबिक कोर्ट की रीडर द्वारा पुलिस को FIR दर्ज करने के लिए तहरीर दी गयी है. पुलिस ने काफी न नुकर के बाद मामले की जांच की बात कही है. वहीँ मंत्री महोदय की लोकेशन का पता नहीं चल रहा है, हालाँकि एक टीवी चैनल से उन्होंने पाने कानपूर निवास में होने की बात कही है. राकेश सचान ने यह भी कहा कि इस मामले मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से वह आज या कल में बात करेंगे।  

राकेश सचान ने अदालत कक्ष को चुपके से छोड़ने की बात से भी इंकार किया है. फ़ाइल ले जाने पर उनका कहना है कि केस में तारीख मिलने वाली थी इसलिए वो फ़ाइल को अपने साथ ले गए, सचान का कहना है कि फैसला सुनाने के लिए कोई मामला लिस्ट ही नहीं था हालाँकि बात सजा सुनाने की हो रही है. वहीँ सचान के वकील का कहना कि बीमार होने की वजह से उनका मुवक्किल फाइल अपने साथ ले गया. 

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कोर्ट से अदालत के आदेश की फाइल लेकर भागने पर कोर्ट की रीडर कामिनी की तरफ से शिकायती आवेदन मिलने की बात पुलिस ने मानी है। जॉइंट कमिश्नर आनंद प्रकाश तिवारी कहा कि इस मामले में जांच के बाद हम एक्शन लिया जाएगा। उन्होंने बताया कि मामले की जांच कोतवाली एसीपी को सौपी गई है।

बता दें कि यह मामला वर्ष 1991 का है तब योगी सरकार में मंत्री राकेश सचान सपा के नेता थे, उनसे पुलिस ने एक अवैध हथियार बरामद किया था। इस मामले में राकेश सचान के खिलाफ केस दर्ज हुआ था। इस मामले में कल यानि 6 अगस्त 2022 को कानपुर की अपर मुख्य महानगर मजिस्ट्रेट-3 की अदालत ने सचान को दोषी करार दिया था। इससे पहले की अदालत सजा सुनाती उससे पहले ही राकेश सचान दोषसिद्धि आदेश की फाइल लेकर अदालत से फरार हो गए।

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