शिवसेना सांसद और पार्टी के प्रवक्ता रहे संजय राउत की पहचान एक दहाड़ने वाले नेता के रूप में रही है लेकिन महाराष्ट्र की सत्ता पलट और पात्रा चॉल घोटाले में जेल जाने के बाद इस शेर की दहाड़ अब म्याऊं म्याऊं में बदल गयी है. संजय राउत पिछले तीन महीने से ज़्यादा समय से जेल में बंद थे, जेल में बिताये गए 101 दिनों ने लगता है कि उनके विचारों को बदल दिया है, जेल से बाहर आने के बाद उनके श्रीमुख से अपने विरोधियों के सम्मान में बातें निकल रही है, उनके सुर, उनका मिजाज़ बदला बदला लग रहा है. संजय राउत ने जेल से बाहर आते देवेंद्र फडणवीस की तारीफ की है, उन्होंने कहा कि डिप्टी सीएम फडणवीस काफी अच्छा काम कर रहे हैं.
मोदी, अमित शाह, फडणवीस से करेंगे मुलाकात
बता दें कि महाराष्ट्र में सत्ता पलट के सूत्रधार देवेंद्र फडणवीस ही थे, जिन्होंने अपने सम्मान और रुतबे से नीचे जाकर मुख्यमंत्री से डिप्टी सीएम बनना मंज़ूर किया मगर महाविकास अघाड़ी सरकार को उखाड़ फेंका। संजय राउत ने कहा कि दो-चार दिनों में मैं जनता के काम से देवेंद्र फडणवीस से मिलूंगा, दिल्ली जाकर गृहमंत्री अमित शाह और पीएम मोदी से भी मिलूंगा. संजय राउत ने इसके साथ ही उद्धव ठाकरे से भी मिलने की बात कही, राउत ने बताया कि एनसीपी प्रमुख शरद पवार ने भी उन्हें फोन किया है. शिवसेना सांसद ने यह भी कहा कि उन्हें किसी भी केंद्रीय एजेंसी से कोई शिकायत नहीं है और न ही मैं किसी को दोष दूंगा.
शिवसेना न छोड़ने की कही बात
हालाँकि संजय राउत ने यह भी कहा कि उन्होंने ऐसा राजनीतिक बदला इससे पहले नहीं देखा. राउत ने कहा महाराष्ट्र में नई सरकार के कुछ फैसलों का वो स्वागत करते हैं. विशेषकर उप मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कुछ बहुत अच्छे फैसले लिए है. वैसे संजय राउत को लगता है फडणवीस ही राज्य के मुखिया हैं और वही महाराष्ट्र सरकार को चला रहे हैं. कल जेल से छुटने के बाद संजय राउत ने कहा था आज़ाद होकर वो बहुत खुश हैं. कोर्ट और संविधान में उनका विश्वास और बढ़ा है. हालाँकि संजय राउत ने शिवसेना कभी न छोड़ने की बात भी कही, उन्होंने कहा कि अन्याय के खिलाफ उनकी लड़ाई जारी रहेगी. संजय राउत ने माना कि परिवार से अलग होने के कारण उन्होंने तीन महीने से ज़्यादा जेल में बिताये जो उनके लिए बहुत मुश्किल समय था.
