पलक झपकते ही बिना सहारे ऊंची दीवार पर चढ़ जाता है नन्हा स्पाइडरमैन

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पलक झपकते ही बिना सहारे ऊंची दीवार पर चढ़ जाता है नन्हा स्पाइडरमैन

  • कानपुर निवासी ययार्थ का हुनर सोशल मीडिया पर हो रहा वायरल
  • हाथ- पैरों को पंजे की तरह दीवार से चिपका लेता है ययार्थ

आपने अपने बचपन में स्पाइडरमैन के बारे में सुना होगा. कैसे वह रस्सी के सहारे दीवारों और ऊंची-ऊंची बिल्डिंग्स में चढ़ जाता है. हमेशा से आपके जेहन में रहा होगा कि हम उससे कैसे मिल सकते है तो आपकी यह मुराद जल्द पूरी हो सकती है.

लेकिन क्या आपको पता है कि यूपी के कानपुर में दादानगर काॅलोनी में रहने वाले इस नन्हें स्पाइडमैन को किसी रस्सी की जरूरत नहीं पड़ती. या यू कहें कि वह सुपर हीरो है तो यह कहना अतिश्योक्ति नहीं होगी क्योंकि यह नन्हा स्पाइडर मैन पलक झपकते ही बिना किसी सहारे के दीवारों पर चढ़ जाता है.

छिपकली के जैसे पैरों को दीवारों पर जमा लेता
सात साल का यथार्थ इन दिनों अपने कारनामे के कारण सुर्खियों में है. छिपकली की मानिंद वह अपने पैरों को दीवारों को जमा लेता है. इस अनोखी कला के लिए स्कूल और आसपास के लोग उसे ‘नन्हा स्पाइडर मैन’ कहकर बुलाते हैं.एक माह के भीतर उसके भाई के फेसबुक अकाउंट पर यथार्थ के वीडियो को 5 लाख से अधिक लोग देख चुके हैं.

क्लास थर्ड में है यथार्थ
कानपुर निवासी यथार्थ कक्षा तीन का छात्र है. बचपन से ही उसे स्पाइडर मैन की फिल्में देखने का शौक था.स्पाइडर मैन को अपना हीरो मानने वाला यथार्थ उसी की तरह दीवारों पर चढ़ने का प्रयास करने लगा.यथार्थ के माता-पिता ने उसे दीवारों पर चढ़ते देखा तो उसको चोट लगने के डर से उन्होंने यथार्थ को डांटना-फटकारना शुरू कर दिया.

मगर सबकी नजरो से छिप पर ययार्थ अपना #अभ्यास जारी रखे रहा. धीरे-धीरे उसने 12 फुट की ऊंची दीवार पर पल भर में बिना किसी सहारे के चढ़ने शुरू कर दिया.अब तक घरवालों की निगाह में समय बरबाद कर रहे यथार्थ के हुनर का लोगों को तब पता चला जब घर आये उसके मामा ने उसकी वीडियो बना कर सोशल मीडिया पर अपलोड कर दिया.

जूनियर स्पाइडर ब्वाॅय को 5 लाख लोगों ने न सिर्फ देखा, बल्कि उसकी सराहना भी की.इसके बाद यथार्थ के शिक्षक, पिता और मां का नजरिया बदला और उन्हें अपने बेटे के इस विलक्षण गुण पर नाज हुआ. अब यथार्थ के माता-पिता चाहते हैं कि वह उसको एथलीट गेम्स में भाग लेकर कामयाबी हासिल करे. वहीं जूनियर स्पाइडर ब्वाॅय यथार्थ बड़ा होकर आईपीएस अधिकारी बनकर देश की सेवा करना चाहता है.

क्या बोले नन्हे स्पाइडमैन के पिता?
यथार्थ के पिता ने कहा कि पहले जब यथार्थ दीवार पर चढ़ता था, तो उसे डांटते थे, लेकिन एक दिन उसके मामा घर आए और उन्होंने इसकी वीडियो फेसबुक पर अपलोड कर दी. इसको उन्होंने भी देखा और लोगों की तारीफो को देखा-सुना तो उनकी सोच बदल गयी. उनका कहना है कि अब वह स्कूल खुलने के बाद प्रिंसिपल से बात करके यथार्थ के खेल-कूद पर भी विशेष ध्यान देने के लिए बात करेंगे। वहीं यथार्थ की मां का कहना है कि पहले तो डर लगता था, लेकिन फिर बाद में सोचा कि सभी में यह टैलेंट नहीं होता. अगर यथार्थ में यह टैलेंट है तो वह उसके इस टैलेंट को निखारने का काम करेंगी। यथार्थ की मां ने कहा कि वह चाहती हैं कि यथार्थ आगे चलकर एथलीट बने और वह इसके लिए यथार्थ का एडमिशन भी किसी स्पोट्र्स काॅलेज में कराना चाहती हैं.

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