Site icon Buziness Bytes Hindi

kanpur Encounter : बदमाश छत से चला रहे थे दनादन गोलियां, बेबस थी पुलिस


kanpur Encounter : बदमाश छत से चला रहे थे दनादन गोलियां, बेबस थी पुलिस

बुलंदशहर। कानपुर कांड में बुलंदशहर का घायल सिपाही अजय कश्यप मंगलवार को हॉस्पिटल से बुलंदशहर के कस्बा डिबाई स्थित अपने घर पहुंच गया। आॅपरेशन में शामिल अजय उस स्याह रात का चश्मदीद भी है। घायल सिपाही अजय ने खौफनाक आॅपरेशन का सच सामने रखा तो सभी के रोंगटे खड़े हो गए। अजय के मुताबिक गुरुवार रात करीब 12:15 बजे सीओ की अगुवाई में तीन थानों की पुलिस कुख्यात अपराधी विकास दुबे के घर दबिश देने पहुंची। घर से कुछ दूर रास्ते मे जेसीबी मशीन खड़ी हुई थी। पुलिस ने जेसीबी की तरफ वाहन खड़े कर दिए और पैदल ही विकास दुबे के घर की तरफ पुलिस निकल पड़ी। पुलिस जैसे ही विकास दुबे के घर के पास पहुंची अचानक पुलिस पार्टी पर गोलियां बरसनी शुरू हो गई। अचानक हुए हमले से पुलिस पार्टी में भगदड़ मच गई और पुलिस पार्टी हालात ऐसे थे कि अंधेरी रात में पुलिस को छिपने तक की जगह नहीं मिली।

गोलियों की तड़तड़ाहट के बीच पुलिस पार्टी छिपने की जगह तलाश ही रही थी कि कई पुलिस आॅफिसर और सिपाहियों को गोली लग गई और वह वही गिर पड़े। गोलीबारी में बदमाशों की एक गोली अजय के पैर और दूसरी गोली हाथ में लगी। लहूलुहान अजय ने फोन से आला अफसरों को हमले की जानकारी दी। मौत के मुहाने पर खड़े अजय ने अपने परिवार से भी बात की और उनको हमले की जानकारी देते हुए ढांढस बंधाया। घायल अजय ने पुलिस अधिकारियों और साथी पुलिसकर्मियों को बचाने की भी कोशिश की। लेकिन वह कुछ नहीं कर सका। बकौल अजय उसने भी हलमावरों पर एके-47 से कई राउंड फायरिंग की। लेकिन बदमाश चूंकि छतों ओर थे और सुरक्षा कवच में थे। इसलिए गोली उनतक पहुंच ही नहीं पा रही थी। यही कारण है कि बदमाश वहां से सकुशल निकल भागने में कामयाब रहे। आपको बता दें कि गोली लगने से अजय के हाथ की हड्डी टूट चुकी है। फिलहाल अजय के घर अजय का हालचाल जानने वालों का तांता लगा हुआ है।
मुख्यमंत्री ने भी हाल जाना
अजय ने बताया शुक्रवार दोपहर सूबे के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ कानपुर एनकाउंटर में हमले में घायल पुलिसकर्मियों का हाल जानने अस्पताल पहुंचे। उन्होंने डिबाई के अजय से भी मुलाकात कर उसका हाल जाना और बेहतर इलाज कराने का आश्वासन दिया।

Exit mobile version