नम आंखों से दी शहीद असिस्टेंट कंमाडेंट विकास कुमार को अंतिम विदाई
छत्तीसगढ के सुकमा में तैनात विकास कुमार आइईडी ब्लास्ट होने से हुए शहीद
मुजफ्फरनगर। छत्तीसगढ के सुकमा में सीआरपीएफ में बतौर असिस्टेंट कंमाडेंट तैनात मुजफ्फरनगर निवासी विकास कुमार रविवार रात को सर्च ऑपरेशन के दौरान आइईडी ब्लास्ट होने से शहीद हो गये थे।
आज उनका पार्थिव शरीर मुजफ्फरनगर पहुंचा तो उन्हें श्रद्धाजंलि देने के लिये लोगों की भीड़ उमड़ पड़ी। जब तक सूरज चांद रहेगा, विकास कुमार का नाम रहेगा, भारत माता की जय के गगनभेदी नारों से आकाश गूंज उठा। शहीद विकास कुमार को श्रद्धांजलि देने के लिये मंत्री और विधायक भी पहुंचे और पुष्पांजलि अर्पित की।
छत्तीसगढ के सुकमा में चलाये जा रहे सर्च ऑपरेशन के दौरान आईडी ब्लाॅस्ट होने से मुजफ्फरनगर के नई मंडी कोतवाली क्षेत्र के गांव पचेंडा निवासी निवासी असिस्टेंट कंमाडेंट विकास कुमार शहीद हो गये थे। विकास कुमार कोबरा 408 बटालियन की टीम में शामिल थे।
सोमवार सुबह माना स्थित चैथी बटालियन के परेड ग्राउंड में विकास कुमार को सेना ने उन्हें अंतिम सलामी दी। इसके बाद उनका पार्थिव देह विशेष विमान से मुजफ्फरनगर रवाना कर दिया गया। आज शहीद का पार्थिव शरीर लेकर सेना के अधिकारी दोपहर लगभग 11 बजे गांव पचेंडा पहुंचे। वहां मौजूद भीड़़ ने जोरदार नारे लगाकर शहीद को श्रद्धाजंलि दी। नम आंखों से शहीद विकास कुमार को अंतिम विदाई दी गयी।
विकास कुमार के नाम पर बनेगी सड़क
सोमवार को उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शहीद विकास कुमार के नाम से गांव पचेंडा में सड़क, परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी के साथ ही परिवार को 50 लाख रुपये देने की घोषणा की थी। छत्तीसगढ के सुकमा में शहीद मुजफ्फरनगर के लाल विकास कुमार का पार्थिव शरीर मंगलवार को सुबह करीब 11.30 बजे यहां पर पहुंचा। यहां पर पहले से मौजूद भीड़ गगनभेदी नारों से गूंज उठी। शहीद विकास की शहादत को हर किसी को सलाम किया।
इस दौरान सेना के बड़े अधिकारी भी यहां पर मौजूद थे। मंगलवार दोपहर को जब शहीद विकास कुमार का पार्थिव शरीर गांव में पहुंचा तो राज्यमंत्री कपिल देव अग्रवाल, विधायक उमेश मलिक, प्रमोद ऊंटवाल भी शहीद को श्रद्धांजलि देने के लिये मौजूद रहे। बताया कि उत्तर प्रदेश सरकार के प्रतिनिधि के रूप में गन्ना मंत्री सुरेश राणा ने शहीद के परिवार को 50 लाख रुपए का चेक सौंपा और परिवार के सदस्य को सरकारी नौकरी दिये जाने का आश्वासन दिया।

