ज्ञानवापी मस्जिद में मिले शिवलिंग मिलने के हिन्दू पक्ष के दावे के बीच दिल्ली यूनिवर्सिटी के एक प्रोफ़ेसर को आपत्तिजनक टिप्पणी करने पर शुक्रवार की रात गिरफ्तार कर लिया गया है. उनपर जानबूझकर धार्मिक भावनाओं को भड़काने का आरोप है. ट्विटर पर इनकी पोस्ट को उकसाने वाला बताया गया. मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए यहाँ उस पोस्ट में लिखी भाषा को नहीं लिखा जा सकता।
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वहीँ प्रोफ़ेसर रतनलाल का कहना है कि एक इतिहासकार होने के नाते मैंने जो लिखा है बहुत सोच समझकर लिखा है और बहुत सुरक्षित भाषा का इस्तेमाल किया है और मैं अब भी उसपर कायम हूँ. वहीँ DU प्रोफ़ेसर के खिलाफ शिकायत दर्ज कराने वाले विनीत जिंदल का कहना है कि प्रोफ़ेसर ने शिवलिंग का अपमान किया है, साथ ही करोड़ों हिन्दुओं की भावनाओं को भी ठेस पहुंचाई है.
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वकील विनीत जिंदल की शिकायत पर दिल्ली पुलिस ने IPC की धारा 153 A और 295 A के तहत मामला दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया है. उनके खिलाफ यह शिकायत मंगलवार को दर्ज कराइ गयी थी. शिकायत की बात सामने आने के बाद प्रोफ़ेसर रतन लाल का कहना था कि इस देश में अगर आप कुछ भी बोलते हैं तो किसी न किसी की भावनाएं आहत हो ही जाती हैं, यह कोई पहली बार नहीं हुआ, लेकिन एक इतिहासकार होने के नाते मैंने चीज़ों का अवलोकन करने के बाद अपनी बात कही है. वहीँ अपने प्रोफेसर की गिरफ्तारी पर दिल्ली यूनिवर्सिटी के छात्र आक्रोशित हो गए हैं और आज दोपहर उन्होंने विरोध प्रदर्शन का एलान किया है.
