Site icon Buziness Bytes Hindi

सपा के पूर्व मंत्री का भांजा नकली रेमडेसिविर इंजेक्शन की कालाबाजारी करते पकड़ा


सपा के पूर्व मंत्री का भांजा नकली रेमडेसिविर इंजेक्शन की कालाबाजारी करते पकड़ा

7 अभियुक्त गिरफ्तार, 9 असली, 140 नकली रेमडेसिविर इंजेक्शन बरामद
सपा के दिग्गज नेता और पूर्व मंत्री शाहिद मंजूर का भांजा मुसीर भी गिरफ्तार

नोएडा/मेरठ। कोरोना काल में जीवनरक्षक रेमडेसिविर के इंजेक्शन की भारी मांग है। ऐसे में रेमडेसिविर की कालाबाजारी जोरों पर है। मगर मुनाफाखोरों ने जीवनरक्षक इंजेक्शन को भी नकली तैयार कर बाजार में उतार दिया और असली रेमडेसिविर बताकर महंगे दामों में बेचना शुरू कर दिया है। नोएडा पुलिस ने नकली रेमडेसिविर बेचने वाले गिरोह के सात आरोपियों को गिरफ्तार कर उनसे 9 असली और 140 नकली रेमडेसिविर इंजेक्शन सहित लाखों रुपये व अन्य इंजेक्शन बरामद किये हैं। पकड़े गये आरोपियों में मेरठ में सपा के दिग्गज नेता और पूर्व मंत्री शाहिद मंजूर का भांजा मुसीर भी गिरफ्तार किया गया है।

नोएडा क्राइम ब्रांच और सेक्टर-58 पुलिस ने नकली रेमडेसिविर इंजेक्शन की कालाबाजारी करने वाले सात अभियुक्तों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से 9 असली रेमडेसिविर, 140 नकली रेमडेसिविर इंजेक्शन, लाखों रुपये और अन्य कई इंजेक्शन बरामद किए हैं। पकड़े गये आरोपियों में मेरठ में सपा नेता और पूर्व मंत्री शहीद मंजूर का भांजा मुसीर भी शामिल है। मुसीर अपने दो साथियों सलमान और शाहरूख खान के साथ मिलकर रेमडेसिविर इंजेक्शन की कालाबाजारी करता था। आरोपी फोर्टिस अस्पताल नोएडा में रेमडेसिविर के इंजेक्शन बेचने आये थे तभी पुलिस ने उन्हें पकड़ लिया।

पकड़े गये आरोपी में से दिपांशु और अब्दुल कोलम्बिया एशिया अस्पताल में बतौर स्टाफ नर्सिंग कार्य करते हैं। सलमान बायोटेक कम्पनी में एमआर है और मुसीर हीलिंग ट्री अस्पताल इंदिरापुरम गाजियाबाद में इमरजेन्सी टेक्नीशियन के पद पर कार्यरत है। पुलिस के अनुसार आरोपी अस्पतालों में कोरोना के मरीजों के परिवारों को विश्वास में लेते थे। जिसके बाद मरीज के परिजन आरोपियों से रेमडेसिविर इंजेक्शन खरीद लेते थे।

नोएडा क्राइम ब्रांच और सेक्टर-58 पुलिस के अनुसार आरोपी निमोनिया की बीमारी में काम आने वाले मेरोपेनेम इंजेक्शन का जैनरिक इंजेक्शन और अन्य सस्ते इंजेक्शन खरीदकर लाते थे। इन इंजेक्शनों का लेबल छुड़ाकर रेमडेसिविर इंजेक्शन का नकली लेबल चिपका कर 40 से 45 हजार में बेच देते थे।

Exit mobile version