फ्लाईदुबई की फ्लाइट FZ1073 में गंभीर रूप से घायल होने के बावजूद बड़ी विमान दुर्घटना टालने में अहम भूमिका निभाने वाले भारतीय पायलट कैप्टन स्मित मच्छार को इजरायल अपने सर्वोच्च नागरिक वीरता सम्मान से सम्मानित करेगा।
इजरायल के राष्ट्रपति इसाक हर्ज़ोग ने घोषणा की है कि पूरी तरह स्वस्थ होने के बाद मच्छार को ‘Presidential Award for Civilian Heroism’ दिया जाएगा। कैप्टन मच्छार फिलहाल संयुक्त अरब अमीरात के अबू धाबी में एक अस्पताल में स्वास्थ्य लाभ कर रहे हैं।
गंभीर रूप से घायल होने के बाद भी खोला कॉकपिट का दरवाजा
30 सितंबर को दुबई से तेल अवीव जा रही फ्लाईदुबई की FZ1073 में उस समय गंभीर सुरक्षा संकट पैदा हो गया था, जब सह-पायलट ने कथित तौर पर कॉकपिट में रखी इमरजेंसी क्रैश-एक्स से कैप्टन मच्छार पर हमला कर दिया।
UAE के प्रॉसिक्यूटर जनरल के मुताबिक, सह-पायलट ने कुल्हाड़ी से पायलट पर हमला करने के बाद विमान का नियंत्रण अपने हाथ में लेने की कोशिश की। अमीराती अधिकारियों ने इसे कथित आतंकवादी हमला बताया है।
गंभीर चोट और खून बहने के बावजूद मच्छार कॉकपिट का दरवाजा खोलने में सफल रहे। इससे यात्रियों और क्रू को अंदर पहुंचने का मौका मिला और हमलावर सह-पायलट को काबू कर लिया गया।
विमान में 170 से अधिक यात्री और क्रू सदस्य मौजूद थे, जिनमें अधिकांश इजरायली नागरिक थे।
राष्ट्रपति हर्ज़ोग बोले- बड़ी तबाही टालने में मदद की
इजरायली राष्ट्रपति इसाक हर्ज़ोग ने कैप्टन मच्छार की बहादुरी और पेशेवर रवैये की प्रशंसा करते हुए उनके जल्द स्वस्थ होने की कामना की।
हर्ज़ोग ने कहा कि मच्छार की असाधारण बहादुरी और प्रोफेशनलिज्म ने बड़ी विमान दुर्घटना को टालने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उन्होंने कहा कि कैप्टन के पूरी तरह स्वस्थ होने के बाद इजरायल की जनता की ओर से उन्हें नागरिक वीरता सम्मान देना उनके लिए सम्मान की बात होगी।
यह पुरस्कार इजरायल में नागरिकों को वीरता के लिए दिया जाने वाला सर्वोच्च सम्मान है।
छह इजरायली यात्रियों को भी मिला वीरता सम्मान
इजरायल के राष्ट्रपति ने 8 अक्टूबर को राष्ट्रपति भवन में आयोजित समारोह में फ्लाइट के छह इजरायली यात्रियों को Presidential Award for Civilian Heroism प्रदान किया।
सम्मान पाने वालों में Or Bardilov, Yaniv Hayoun, Dr Shota Musayev, Tali Manes, Zvika Manes और Asaf Rajuan शामिल हैं।
इनमें कुछ यात्रियों ने कॉकपिट में जाकर हमलावर को काबू करने में मदद की, जबकि डॉ. शोटा मुसायेव ने गंभीर रूप से घायल मच्छार को आपात चिकित्सा सहायता दी। ताली मानेस ने सबसे पहले कॉकपिट में गड़बड़ी की आशंका जताकर अन्य यात्रियों को सतर्क किया था।
हर्ज़ोग ने कहा कि इन लोगों ने अपनी जान जोखिम में डालकर अन्य यात्रियों को बचाया और एक बड़ी त्रासदी को रोकने में मदद की।
सह-पायलट ने पहले से बनाई थी हमले की योजना? जांच में दावा
जांच से जुड़े दो इजरायली अधिकारियों ने Reuters को बताया कि सह-पायलट ने UAE में पूछताछ के दौरान कथित तौर पर कहा कि उसने फ्लाईदुबई में नौकरी करने से पहले ही हमले की योजना बना ली थी।
एक अन्य जांच सूत्र के मुताबिक, सह-पायलट का कथित इरादा विमान को तेल अवीव के पास बेन गुरियन एयरपोर्ट पर क्रैश करने का था। सूत्रों का यह भी दावा है कि उसने इससे पहले 2026 में एक अन्य तेल अवीव जाने वाली उड़ान को हाईजैक और क्रैश करने के बारे में सोचा था, लेकिन उस योजना को अंजाम नहीं दिया।
हालांकि ये विवरण अभी जांच से जुड़े सूत्रों के दावे हैं। UAE अधिकारियों ने इस कथित योजना के सभी पहलुओं पर अंतिम जांच रिपोर्ट सार्वजनिक नहीं की है।
सह-पायलट की पहचान पर क्या है आधिकारिक स्थिति?
Reuters के मुताबिक, जांच की जानकारी रखने वाले सूत्रों ने सह-पायलट की पहचान हम्माम अल-हम्मामी, ओमान के नागरिक के रूप में बताई है।
हालांकि UAE प्रशासन और फ्लाईदुबई ने सार्वजनिक रूप से सह-पायलट का नाम जारी नहीं किया है। UAE की अगुवाई में मामले की जांच जारी है।
जांच एजेंसियां यह भी पता लगा रही हैं कि उसने अकेले इस कथित हमले की योजना बनाई थी या इसके पीछे किसी और की भूमिका थी।
हजारों फीट नीचे गिरा था विमान
हमले के दौरान विमान ने बेहद तेजी से ऊंचाई खोई थी।
Flightradar24 के आंकड़ों के मुताबिक, विमान करीब 16,625 फीट नीचे गिरा था। यात्रियों और क्रू द्वारा सह-पायलट को काबू किए जाने के बाद फ्लाइट में यात्रा कर रहे एक रिजर्व फ्लाईदुबई पायलट ने विमान की कमान संभाली।
इसके बाद विमान को सऊदी अरब के उत्तर-पश्चिमी शहर तबूक में सुरक्षित उतारा गया।
सह-पायलट को पहले सऊदी अधिकारियों ने हिरासत में लिया और बाद में उसे UAE भेज दिया गया, जहां मामले की आपराधिक जांच की जा रही है।
पीएम मोदी, नेतन्याहू और ट्रंप भी कर चुके हैं तारीफ
कैप्टन मच्छार की बहादुरी की भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप भी सार्वजनिक रूप से प्रशंसा कर चुके हैं।
मच्छार की कार्रवाई को विमान में मौजूद यात्रियों और क्रू को प्रतिक्रिया देने का अहम मौका देने वाला कदम माना गया।
अब इजरायल के राष्ट्रपति की ओर से देश का सर्वोच्च नागरिक वीरता सम्मान दिए जाने की घोषणा ने उनकी भूमिका को औपचारिक अंतरराष्ट्रीय सम्मान भी दिला दिया है।
कैप्टन मच्छार के स्वस्थ होने के बाद उन्हें इजरायल में यह सम्मान प्रदान किया जाएगा।
