Site icon Buziness Bytes Hindi

खड़ी कब्र में दफन है इस नवाब की लाश,नई दुल्हनों को राजमहल में बितानी पड़ती थी रात


खड़ी कब्र में दफन है इस नवाब की लाश,नई दुल्हनों को राजमहल में बितानी पड़ती थी रात

रामपुर। प्रदेश का रामपुर कौन नहीं जानता। यहां के नवाबों के किस्सों से इतिहास भरा हुआ है। रामपुर से लखनऊ तक के नवाबों की कहानियां सुनकर आज हर कोई हैरान हो जाता है। इन नवाबों की अयाशी के किस्सों की चर्चाएं भी खूब होती है। रामपुर रियासत के एक ऐसे ही नवाब थे नवाब कल्बे अली खान। जिनकी​ जिंदगी का हर लम्हा किसी फिल्मी कहानी और विचित्रताओं से कम नहीं है। इसको जानने वाला खुद भी हैरान हो जाता है। हालांकि नवाब के लिए कही गई इन बातों में कितनी सच्चाई है इसको बताने वाला आज कोई मौजूद तो नहीं है। लेकिन हवेली और राजमहल के आसपास इनके किस्से आज भी सुनाए जाते हैं। नबाव कल्बे अली खान की जब मृत्यु हुई और उनको जब दफनाया जाने लगा तो उनकी लाश कब्र से बाहर निकल आई थी। इसी कारण से उनको खड़ी कब्र में दफनाया गया। आज भी यह खड़ी कब्र रामपुर के राजमहल के पास मौजूद है। नवाब कल्बे अली खान विश्व के एकमात्र ऐसे नवाब हैं। जिनकी लाश को खड़ी कब्र में दफनाया गया है।

Read also- यूपी का चुनावी घमासान : रामपुर में दो पिता बनाम दो बेटे
कहा जाता है कि कल्बे अली खान अत्याधिक विलासी नवाब रहे थे। उनकी विलासिता के चर्चे गैर मुल्क तक में प्रसिद्ध थे। नवाब के बारे में कहा जाता है कि वे हमेशान वासना में लिप्त रहते थे। कहते हैंं कि रामपुर में जब ​भी किसी की शादी होती थी या फिर किसी का निकाह होता था तो दुल्हन पहले राजमहल में जाती थी। दुल्हन को नवाब कल्बें अली खान देखते थे। अगर दुल्हन नवाब को पसंद आ जाती थी तो उसको शादी या निकाह की पहली रात राजमहल में बितानी पड़ती थी। बताया जाता है कि नवाब एक अच्छे विद्धान भी थे। वे अरवी और फारसी भाषा के अच्छे ज्ञाता थे। उन्हें दोहे और चौपाईयां लिखने का भी बहुत शौक था।

Exit mobile version