लखनऊ। उत्तर प्रदेश नगरीय निकाय चुनाव का काउंटडाउन शुरू हो चुका है। निकाय चुनाव इसी साल नवंबर या फिर दिसंबर तक संपन्न होंने हैं। दिसंबर 2022 में प्रदेश में मेयर और वार्ड पार्षदों का कार्यकाल खत्म हो रहा है। निकाय चुनाव की तैयारियों में राज्य निर्वाचन आयोग जुट गया है। आयोग ने इस बार प्रत्याशियों की खर्च राशि बढ़ाने का निर्णय किया है। इसके तहत अब प्रत्याशी की खर्च की सीमा डेढ़ गुना बढ़ा दी है। अब मेयर पद प्रत्याशी चुनाव प्रचार के दौरान 35 लाख रुपए खर्च कर सकेंगे। इस बार मेयर प्रत्याशी के लिए चुनाव खर्च सीमा 15 लाख रुपये व वार्ड पार्षद प्रत्याशी के लिए एक लाख रुपये बढ़ाई है। इस लिहाज से मेयर 40 लाख रुपये तक और पार्षद तीन लाख रुपये तक निकाय चुनाव में खर्च कर सकेंगे। राज्य निर्वाचन आयोग ने निकाय चुनावों के लिए प्रत्याशियों के नामांकन शुल्क और जमानत राशि तय कर दी है। इसके अतिरिक्त नगर पालिका और नगर पंचायत अध्यक्ष से लेकर सदस्य तक के चुनाव लड़ने की खर्च सीमा बढ़ाई है। राज्य निर्वाचन आयोग ने इसका आदेश जारी किया है।
राज्य निर्वाचन आयोग के नये आदेशों के अनुसार, 80 से कम वार्ड वाले नगर निगम में महापौर पद के प्रत्याशी 35 लाख रुपए खर्च कर सकेंगे। जबकि 2017 में यह धनराशि 20 लाख रुपए तक थी। वहीं, 80 से अधिक वार्ड वाले नगर निगम के महापौर पद प्रत्याशी चुनाव प्रचार के दौरान 40 लाख रुपए तक खर्च कर सकेंगे जबकि 2017 में यह 25 लाख रुपए तक थी। 25 से 40 वार्ड के नगर पालिका परिषद के चेयरमैन पद प्रत्याशी अब 9 लाख रुपए तक चुनाव में खर्च करेंगे। पहले इसकी खर्च सीमा 6 लाख रुपए तय थी। वहीं, 41 से 55 वार्ड नगर पालिका परिषद के चेयरमैन पद प्रत्याशी चुनाव प्रचार के दौरान 12 लाख रुपए खर्च कर सकेंगे। जबकि 2017 के चुनाव में यह 10 लाख रुपए थी।
शहरी निकायों में चुनाव लड़ने की इच्छुक उम्मीदवारों को अपनी जेब और ढीली करनी होगी। क्योंकि प्रचार के दौरान खर्च बढ़ जाएगा। तमाम पहलुओं पर विचार करने के बाद राज्य निर्वाचन आयोग की ओर से राशि में वृद्धि की है। वहीं मेयर पद के लिए चुनाव लड़ने के लिए जमानत राशि 12 हजार और पार्षद की 2500 रुपये की गई है। मेयर प्रत्याशी अनारक्षित वर्ग के लिए नामांकन शुल्क 1000 रुपये रखा गया है। आरक्षित वर्ग के लिए नामांकन शुल्क 500 है। पार्षद के लिए अनारक्षित वर्ग के लिए नामांकन शुल्क 400 रुपये और जमानत राशि 2500 रुपये रखी गई है। जबकि आरक्षित वर्ग के लिए नामांकन शुल्क 200 और जमानत राशि 1250 रुपये है।
