इस्लाम में पुनर्जन्म की कोई मान्यता नहीं है, इस्लाम धर्म के अनुसार हर इंसान का एक ही जन्म और एक ही मौत होती है लेकिन मुरादाबाद की कुंदरकी विधानसभा सीट से सपा विधायक जियाउर्रहमान का मानना कुछ और है. उन्होंने कहा कि अल्लाह ने दुनिया बनाने से पहले रूहें पैदा कीं और वो रूहे जिस्म की शक्ल इख्तियार जरूर करती होंगी. सपा विधायक ने यह बयान जनसँख्या नियंत्रण कानून को लेकर दिया है. जियाउर्रहमान इससे पहले मदरसों के सर्वे पर भी अपना विरोध जाता चुके हैं.
दरअसल दो दिन पहले ही आरएसएस ने देश की बढ़ती हुई जनसंख्या का मुद्दा उठाते हुए जनसंख्या कानून लाने की बात कही थी जिस पर सपा विधायक जियाउर्रहमान बर्क ने अपनी प्रतिक्रिया दी है.सपा विधायक का कहना है कि इस्लामिक दृष्टिकोण से देखे तो एक चीज है कि जो अल्लाह का हुक्म है वही होता है, मेरी बात को कुछ लोग हो सकता है दूसरी तरह से लें लेकिन मैं सिर्फ हक की बात कह रहा हूं. मेरा मानना है कि अल्लाह ने दुनिया बनाने से पहले रूहों को पैदा किया और वो रूहे शरीर का रूप ज़रूर लेती होंगी.
सपा विधायक ने कहा कोई भी सरकार अल्लाह के निजाम में हस्तक्षेप नहीं कर सकती. आप लोग आबादी कंट्रोल करना चाहते हो तो सीधे तौर पर ये मान लीजिये कि आप लोगो को सुविधाएं नहीं दे सकते इसलिए इस तरह के मुद्दे को उठाकर लोगों का ध्यान भटकाना चाहते हैं. उन्होंने कहा कि मौजूदा आबादी को यह लोग सुविधाएं नहीं दे पा रहे हैं आगे क्या दे पाएंगे.बता दें कि ज़ियाउर्रहमान संभल से सपा सांसद डॉ शफीकुर्रहमान बर्क के पोते हैं और उन्हीने के तरह विवादित बातें करते हैं.

