Site icon Buziness Bytes Hindi

Uttarakhand Politics: राष्ट्रपति चुनाव में क्रास वोटिंग को लेकर कांग्रेस के तेवरों में आयी नरमी

देहरादून। राष्ट्रपति चुनाव में क्रास वोटिंग को लेकर कांग्रेस के तेवरों में अब नरमी के संकेत हैं। पार्टी अब मामले में अपने विधायक पर कार्रवाई नहीं करेगी। यद्यपि अंदरखाने पार्टी की ओर से इसकी जानकारी जुटाई जा रही है, जिससे कि पार्टी की भावी रणनीति को इस तरह विश्वास के संकट से दो-चार नहीं होना पड़े। प्रदेश में कांग्रेस के 19 विधायक हैं। बीते महीने राष्ट्रपति पद पर हुए चुनाव में विपक्ष के प्रत्याशी को मात्र 15 विधायकों ने वोट दिया। एक विधायक स्वास्थ्य खराब होने और एक विधायक मार्ग बाधित होने के कारण वोट डाल नहीं पाए थे। शेष बचे विधायकों में एक का वोट खराब हो गया था। जबकि एक विधायक ने क्रास वोटिंग की थी । क्रास वोटिंग ने प्रदेश में कांग्रेस राजनीति में भूचाल ला दिया था। पार्टी हाईकमान ने सख्त रुख अपनाते हुए इस मामले में प्रदेश कांग्रेस से रिपोर्ट तलब की थी।

Read also: Operation Lotus BJP: बिहार में तथाकथित ऑपरेशन लोटस को अंजाम तक पहुंचने से पहले ही हिल गई भाजपा की जमीन

नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य को इस मामले में जांच रिपोर्ट तैयार करने की जिम्मेदारी सौंपी थी। आर्य ने पार्टी के सभी विधायकों से फ़ोन पर बात कर क्रास वोटिंग को लेकर थाह लेने की कोशिश की। राष्ट्रपति चुनाव में पार्टी व्हिप जारी नहीं होता है। ऐसे में क्रास वोटिंग व्हिप उल्लंघन का मामला भी  नहीं है। पार्टी यह जानना चाहती है कि हाईकमान के आदेश के बाद भी किस विधायक ने किन कारणों से चुनाव में क्रास वोटिंग जैसा कदम उठाया था। दरअसल विधानसभा चुनाव में हार मिलने के बाद कांग्रेस में सांगठनिक फेरबदल से पार्टी में व्यापक असंतोष देखा गया था। विशेष रूप से विधायकों ने शुरुआती दौर में असंतोष व्यक्त करने में हिचक नहीं दिखाई। यह बात अलग है कि हाईकमान के रवैये और उनके प्रतिनिधि के तौर पर प्रदेश प्रभारी देवेंद्र यादव के साथ नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य ने विधायकों से वार्ता कर उनका पक्ष जानने का प्रयास भी किया था। इसका परिणाम असंतोष थमने के रूप में दिखा था। अब क्रास वोटिंग को लेकर सख्त रुख अपनाने की स्थिति में कांग्रेस को मजबूत बनाने के अभियान पर प्रभाव हो सकता है। इसी को ध्यान में रखकर क्रास वोटिंग करने वाले विधायक को चिह्नित कर कार्रवाई को लेकर नरमी बरती जा रही है। नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य ने कहा  कि क्रास वोटिंग करने वाले विधायक को चिह्नित करना आसान नहीं। फिलहाल इस मामले में सख्त कार्रवाई को प्राथमिकता नहीं दी जाएगी।

Exit mobile version