गर्म कपड़ों में सिकुड़ते हुए घरों से निकले लोग
रात में अलाव के सहारे सड़कों पर गुजारी रात
न्यूज डेस्क। पहाड़ों पर हुई बर्फबारी के बाद चली शीतलहर के कारण उत्तर भारत सहित पूरे दिल्ली-एनसीआर में पड़ रही कड़ाके की ठंड के कारण लोग कांपते नजर आये। बुधवार सुबह से ही जारी ठंड के प्रकोप ने लोगों को गर्म कपड़ों में भी सिकुड़ने पर मजबूर कर दिया।
आज शीतलहर का प्रकोप इस कदर था कि लोग दिन में भी अलाव जला कर हाथ तापते नजर आये। वहीं सड़कों पर रात गुजारने वाले लोगों ने आग जलाकर रात गुजारी।
मौसम विभाग के अनुसार अभी तीन दिनों तक उत्तर भारत सहित दिल्ली-एनसीआर में शीतलहर चलती रहेंगी और नये साल का आगमन भी कड़ाके की ठंड के बीच होगा।
पश्चिमी विक्षोभ के कारण जम्मू कश्मीर, लद्दाख, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में जगह-जगह हुए हिमपात के चलते शीतलहर और कड़ाके की ठंड ने उत्तर भारत को ठिठुरने पर मजबूर कर दिया है। वहीं दिल्ली-एनसीआर भी सर्दी के प्रकोप से अछूता नहीं है।
पश्चिमी हिमालय से सर्द और शुष्क उत्तरी एवं उत्तरी-पश्चिमी हवा मैदानी क्षेत्रों की ओर बह रही है जिससे उत्तर भारत में न्यूनतम तापमान में गिरावट आई है। मौसम विभाग के अनुसार हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली, राजस्थान और उत्तर प्रदेश में शीतलहर में बढ़ोतरी होने के आसार हैं। माना जा रहा है कि 31 दिसंबर को न्यूनतम तापमान 3 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है। दिल्ली में न्यूनतम तापमान लुढ़कर 3.6 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया है।
सर्दी बढ़ने के कारण लोगों को गर्म कपड़ों के साथ हीटर, ब्लोअर या अलाव का सहारा लेना पड़ रहा है। लोग खुद को गर्म कपड़ों और मफलर आदि से ढक कर ही घरों से निकल रहे हैं। वहीं सर्दी बढ़ते ही स्वास्थ्य संबंधी परेशानियां भी लोगों पर हावी हो रही हैं। यह मौसम बीमार लोगांे और वृद्धों के लिये बेहद खतरनाक है। ऐसे में खुद को स्वस्थ रखने के लिये सावधानी बरतना बेहद जरूरी है।

