Site icon Buziness Bytes Hindi

Pulwama Attack Anniversary: उत्तराखंड के दो मेजर सहित चार जवानों ने दी थी शहादत

Pulwama Attack Anniversary

देहरादून। जम्मू-कश्मीर के पुलवामा में 14 फरवरी 2019 में हुए आतंकी हमले में उत्तराखंड के दो मेजर सहित चार जवानों ने शहादत दी थी। हमले में देहरादून के मोहनलाल रतूड़ी और ऊधमसिंह नगर के विरेंद्र सिंह ने प्राणों की आहुति दी थी। इसके बाद चले एनकाउंटर में मेजर विभूति ढौंडियाल और मेजर चित्रेश बिष्ट शहीद हुए थे।
मंगलवार को सीएम धामी ने हमले में शहीद देश के वीर सपूतों को श्रद्धांजलि दी। सीएम धामी ने ट्वीट कर लिखा कि पुलवामा आंतकी हमले में प्राणों की आहुति देने वाले मां भारती के वीर सपूतों को कोटि-कोटि नमन। आपके द्वारा किया बलिदान सदैव हम सभी को राष्ट्र सेवा के लिए प्रेरित करता रहेगा’।


मोहनलाल की शहादत पर गर्व

देहरादून निवासी मोहनलाल रतूड़ी के परिवार को गम तो है कि आज वो उनके साथ नहीं हैं। लेकिन उन्हें गर्व है कि देश के लिए शहादत दी है। यही कारण है कि आज मोहनलाल का परिवार मजबूत हौसलों के साथ आगे बढ़ रहा है।

हमले के दो दिन पहले छुट्टी से आए थे वीरेंद्र

पुलवामा आतंकी हमले में उत्तराखंड के वीरेंद्र सिंह शहीद हुए थे। शहीद वीरेंद्र सिंह उधमसिंह नगर के खटीमा के के रहने वाले थे। उनके दो छोटे बच्चे हैं। वीरेंद्र दो दिन पहले 20 दिन की छुट्टी बिताने के बाद जम्मू के लिए रवाना हुए थे। वीरेंद्र सिंह सीआरपीएफ की 45वीं बटालियन में जम्मू-कश्मीर में तैनात थे।

घर में शादी की तैयारी और सीमा पर शहीद

आतंकी हमले के बाद चले सर्च ऑपरेशन में आईईडी ब्लास्ट में 16 फरवरी को मेजर चित्रेश बिष्ट शहीद हो गए थे। उस समय आई जबकि उनके घर पर शादी की तैयारियां चल रही थीं। मेजर चित्रेश की शादी सात मार्च 2019 को होनी थी। शादी के कार्ड भी बंट चुके थे।

पुलवामा आतंकी हमले के बाद चले सर्च ऑपरेशन में 18 फरवरी को देहरादून के मेजर विभूति ढौंडियाल भी शहीद हुए थे। अपनी शादी की पहली सालगिरह पर उन्होंने घर आने का वादा किया था, लेकिन घर उनका तिरंगे में लिपटा पार्थिव शरीर आया। विभूति की सबसे बड़ी बहन पूजा की शादी हो चुकी है। उनके पति सेना में कर्नल हैं। उनसे छोटी बहन प्रियंका शादी के बाद अमेरिका में रहती हैं। तीसरी बहन वैष्णवी अविवाहित हैं। वह देहरादून के एक स्कूल में पढ़ाती हैं।

Exit mobile version