- बिजली संकट की आशंकाओं के बीच केंद्रीय ऊर्जा मंत्री ने दिलाया भरोसा
- कहा, नहीं है बिजली आपूर्ति बाधित होने का खतरा, आधारहीन हैं मैसेज
नई दिल्ली। देश में कोयला की कमी के कारण बिजली संकट की आशंकाओं के बीच केंद्रीय ऊर्जा मंत्री ने पर्याप्त कोयला स्टाॅक होने का दावा किया है। केंद्रीय ऊर्जा मंत्री का कहना है कि पाॅवर प्लांट्स के पास 24 दिन का कोल स्टाॅक मौजूद है। हर दिन यह स्टाॅक आता है इसलिये कमी होने की गुंजाइश नहीं है।
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देश के छह राज्यों में बिजली की कमी होने से ब्लैक आउट होने का खतरा मंडरा रहा है। राज्य केेंद्र सरकार से कोयला आपूर्ति बढ़ाने की मांग कर रहे हैं। दिल्ली के बिजली मंत्रालय और टाटा पावर के अधिकारियों को केंद्रीय ऊर्जा मंत्री आरके सिंह ने दिल्ली को आवश्यक बिजली सप्लाई जारी रखने का आश्वासन दिया है।
केंद्रीय मंत्री का कहना है कि आपूर्ति बाधित होने का कोई खतरा नहीं है। कोल इंडिया लिमिटेड के पास 43 मिलियन टन कोयले का पर्याप्त स्टाॅक है जो 24 दिन की कोयले की मांग के बराबर है। मानसून समाप्त होने के साथ कोयले की खेप बढ़ेगी और राज्यों के पास कोयले का स्टाॅक बढ़ जायेगा। फिलहाल कोयले का पर्याप्त भंडार मौजूद है इसलिये बिजली संकट से डरने की जरूरत नहीं है। गेल और टाटा के बीच हुए गलत संवाद के कारण उपभोक्ताओं को गैर- जिम्मेदाराना मैसेज भेजे गये जिससे लोगों में भ्रम पैदा हुआ है। ग्राहकों को डराने वाले आधारहीन मैसेज भेजने पर टाटा पावर को कार्रवाई की चेतावनी दी गयी है।
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गौरतलब है कि गुजरात, पंजाब, राजस्थान, दिल्ली और तमिलनाडु सहित कई राज्यों ने अपने बिजली प्लांट में कोयले की कमी होने पर चिंता जताई है। दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने पीएम मोदी को पत्र लिखकर कहा है कि बिजली आपूर्ति में सुधार न होने पर अगले दो दिन में राष्ट्रीय राजधानी में ब्लैकआउट की स्थिति आ सकती है। वहीं यूपी के सीएम योगी ने भी पीएम को पत्र लिखकर कोयले की कमी से अवगत कराया है। सीएम योगी आदित्यनाथ ने प्रधानमंत्री से यूपी में कोयले की आपूर्ति सामान्य कराने और उत्तर प्रदेश को अतिरिक्त विद्युत की आपूर्ति कराने का आग्रह किया है।

