बिजनेस टाइकून गौतम अडानी इन दिनों टीवी चैनल्स पर इंटरव्यू देते हुए नज़र आ रहे हैं, हालाँकि उन्होंने NDTV को खरीद लिया है फिर भी वो दूसरे चैनल्स के प्लैटफॉर्म्स का इस्तेमाल कर रहे हैं। कल ही उनका एक टीवी चैनल पर इंटरव्यू टेलीकास्ट हुआ जिसमें वो पहले की तरह इस बात की सफाई देते नज़र आये कि अडानी ग्रुप की ग्रोथ सिर्फ मोदी एरा में नहीं हुई. अपने इंटरव्यू में उन्होंने इस बात को साबित करने की कोशिश कि उनकी कंपनी के बिजनेस ग्रोथ में प्रधानमंत्री मोदी का सीधे कोई हाथ नहीं है हाँ उनकी सरकार की नीतियों का ज़रूर फायदा मिला। गौतम अडानी ने यह भी बताने कि कोशिश की कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी नीतियों से हटकर कभी किसी की मदद नहीं करते, उनकी नीतियां सबके लिए होती हैं।
तीन में दो ब्रेक कांग्रेस के दौर में मिले
गौतम अडानी ने यह भी कहा कि जीवन में आगे बढ़ने के तीन अवसर अबतक प्राप्त हुए हैं और उसमें दो मौके मुझे कांग्रेस के कार्यकाल में मिले हैं, गौतम अडानी ने राहुल गाँधी का भी शुक्रिया अदा किया। उन्होंने कहा कि 2014 से पहले मुझे ज़्यादा लोग नहीं जानते थे लेकिन राहुल गाँधी ने उसके बाद अपने भाषणों में लगातार हमारा नाम लेकर मुझे लोगों में मशहूर कर दिया और आज देश भर में मुझे लोग जानने लगे हैं.
राजस्थान में किया 86000 करोड़ का निवेश
अडानी ने कहा कि मुझे पहला ब्रेक 1985 में राजीव गाँधी के कार्यकाल में तब मिला जब सरकार की एक्सिम पालिसी से अडानी ग्रुप एक ग्लोबल बिजनेस हाउस बना, दूसरा ब्रेक 1991 में नरसिम्हा राव के कार्यकाल में मिला, उस समय मनमोहन सिंह जी वित्त मंत्री थे तब पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप मोड़ में अडानी ग्रुप ने प्रवेश किया। अदने ने कहा कि तीसरा ब्रेक उन्हें गुजरात के 12 साल के मोदी शासन में मिला। अडानी सफाई पेश करते हुए कहा कि देश के 22 राज्यों में अडानी ग्रुप ने निवेश किया है और ये सभी राज्य भाजपा शासित नहीं हैं, उन्होंने खासकर राजस्थान का नाम लिया जहाँ उन्होंने जल्द ही 68000 करोड़ रूपये का निवेश किया है.

