- कांग्रेस की ‘मैं लड़की हूं, लड़ सकती हूं’ मैराथन पर लगाई रोक
- कांग्रेस ने कहा प्रियंका की लोकप्रियता से घबरा गई बीजेपी और योगी सरकार
ऊषा सिंह
यूपी में चुनाव से पहले कोविड को लेकर जारी की गई प्रोटोकॉल का राजनीतिक इस्तेमाल शुरू कर दिया है। सत्ताधारी पार्टी और सरकार के कई भीड़ भरे आयोजनों के बीच कांग्रेस की मैराथन दोड़ पर रोक लगा दी है। ‘मैं लड़की हूं, लड़ सकती हूं’ मैराथन के लिए पहुंचीं हजारों लड़कियां प्रशासन के इस फैसले से नाराज नजर आईं। वहीं कांग्रेस ने भी कोविड गाइडलनइन के नाम पर दोहरे मानदंड अपनाने का आरोप लगाया है। वहीं तंज कसा है कि कांग्रेस की राष्ट्रीय महासचिव को मिल रहे महिलाओं के जनसमर्थन और बढ़ती लोकप्रियता से बीजेपी घबरा गई है।
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मैराथन के लिए पहुंची थीं हजारों लड़कियां
कांग्रेस ने 26 दिसंबर को लखनऊ और झांसी में ‘मैं लड़की हूं, लड़ सकती हूं’ मैराथन का आयोजन किया था। इसमें शामिल होने के लिए हजारों लड़कियां पहुंच भी गई थीं। कांग्रेस नेता भी वहां मौजूद थे। इस मैराथन को अभिनेत्री मंदिरा बेदी और कांग्रेस नेता राजीव शुक्ल को झंडी दिखाकर रवाना करना था। इस बीच कोविड प्रोटोकॉल और धारा 144 का हवाला देकर प्रशासन ने मैराथन कोअनुमति नहीं दी। पांच किलोमीटर की इस दौड़ में पहले तीन स्थान पर रहने वाली लड़कियों को स्कूटी, 25 लड़कियों को स्मार्ट फोन और 100 लड़कियों को स्मार्ट बैंड दिया जाना था।
कांग्रेस ने उठाए सवाल
कांग्रेस का कहना है कि महिलाओं और युवतियों का झुकाव कांग्रेस की राष्ट्रीय महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा की ओर बढ़ रहा है। इससे बीजेपी और योगी सरकार घबरा गई है। पार्टी मुख्यालय पर पत्रकारों से बातचीत में राष्ट्रीय प्रवक्ता सुप्र्रिया श्रीनेत्र ने कहा कि सरकार ने कोविड प्रोटोकाल का हवाला देकर मैराथन को अनुमति नहीं दी। वहीं सरकार ने अटल बिहारी बाजपेयी इकाना स्टेडियम में कार्यक्रम कर भीड़ जुटाई। इसके अलावा 1090 चौराहे से ही कुछ दिन पहले पर्यटन विभाग ने दौड़ कराई थी। उन्होंने आरोप लगाया कि कि हिलाओं के बीच प्रियंका गांधी वाड्रा की लोकप्रियता बढ़ते देख सरकार घबरा गई है। साथ ही सरकार महिला विरोधी भी है, इसलिए तानाशाही रवैया अपनाकर विपक्ष के कार्यक्रम रोक रही है। क्या सिर्फ भाजपा के ही कार्यक्रम प्रदेश में होंगे? क्या उस पर कोई भी कोविड प्रोटोकाल का नियम लागू नहीं होता? कांग्रेस प्रवक्ता ने कहा कि पार्टी यह अभियान रोकने वाली नहीं है। कितना ही प्रयास करना पड़े, चाहे जितनी आवाज उठानी पडे। महिलाओं के सम्मान और स्वाभिमान के लिए इस कार्यक्रम को कराएंगे। उधर, मैराथन कार्यक्रम को परमिशन न दिए जाने के विरोध में लखनऊ में महिला कांग्रेस की कार्यकर्ताओं ने पार्षद ममता चौधरी के साथ कमिश्नर कार्यालय पर धरना दिया। पुलिस से धक्का-मुक्की पुलिस में सभी को हिरासत में लिया और बाद में उन्हें छोड़ दिया।
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सरकार और बीजेपी लगातार जुटा रही भीड़
सरकार और बीजेपी पर आरोप लगना वाजिब हैं क्योंकि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह सहित बीजेपी के बड़े नेताओं के कार्यक्रमों में खूब भीड़ जुटाई जा रही है। खुद सरकार ये आयोजन करवा रही है और प्रशासन उसमें भीड़ जुटा रहा है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, मध्य प्रदेश के सीएम शिवराज सिंह चौहान समेत कई बड़े नेताओं ने जनविश्वास यात्राओं में खूब भीड़ जुटाई। आने वाले दिनों में भी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह के कई कार्यक्रम लगे हुए हैं। उनमें भीड़ जुटाने के लिए प्रशासन तैयारी कर रहा है।

