ऋषिकेश। ऋषिकेश का चर्चित अंकिता भंडारी हत्याकांड के मुख्य आरोपी पुलकित आर्य का वनंत्रा रिजॉर्ट बिना मानकों के चल रहा था। यह एसआईटी की जांच में खुलासा हुआ है ।एसआईटी की जांच में पाया गया कि वनंत्रा रिजार्ट पर्यटन नियमों के तहत पंजीकृत नहीं पाया गया। एसआईटी प्रभारी डीआईजी पी रेणुका देवी ने बताया कि रिजॉर्ट उत्तराखंड पर्यटन नियमों के तहत ही पंजीकृत नहीं है। उसके पास फायर एनओसी (अनापत्ति प्रमाण पत्र) नहीं था। एसआईटी ने वनंत्रा रिजार्ट आवश्यक कार्रवाई करने के लिए संबंधित प्राधिकरण को पत्र लिखा है। हमें कुछ एफएसएल रिपोर्ट भी मिली हैं। कुछ अभी भी बाकी हैं। एसआईटी ने कोर्ट को फास्ट-ट्रैक में ट्रायल के लिए लिखा था। जिसमें जांच चल रही है।
अंकिता हत्याकांड में एसआईटी चार्जशीट के करीब पहुंच चुकी है। चार सैंपल की प्राथमिक फोरेंसिक रिपोर्ट मिल चुकी है। हालांकि अभी तक विसरा और डीएनए रिपोर्ट नहीं आई है। एसआईटी ने इस पूरे मामले में 30 गवाह बनाए हैं। जिनको लेकर एसआईटी 10 दिन के भीतर चार्जशीट दाखिल कर सकती है।
बता दें कि गत 18 सितंबर को लापता हुई पौड़ी की अंकिता की हत्या का खुलासा ऋषिकेश पुलिस ने 22 सितंबर को किया था। जिसमें पता चला कि रिजॉर्ट मालिक पुलकित और उसके दोस्तों ने नहर में धक्का देकर उसकी हत्या की थी। अगले दिन शव भी नहर से बरामद हो गया था। इस मामले की विवेचना एसआईटी कर रही है। एडीजी लॉ एंड ऑर्डर और पुलिस प्रवक्ता वी मुरुगन ने बताया कि एसआईटी जांच लगभग पूरी हो चुकी है।
विभिन्न सैंपल मौके से इकट्ठा कर स्थानीय और केंद्रीय फोरेंसिक लैब भेजा था। इनमें से चार की रिपोर्ट एसआईटी को मिली है। गवाह के रूप में छह लोगों के मजिस्ट्रेटी बयान दर्ज हो चुके हैं। पूरी विवेचना में एसआईटी ने करीब 30 गवाह बनाए। इनके आधार पर ही 10 दिनों के भीतर चार्जशीट दाखिल की जा सकेगी। डीजीपी उत्तराखंड के माध्यम से केंद्रीय फोरेंसिक लैब से जल्द से जल्द बाकी रिपोर्ट भी उपलब्ध कराने का आग्रह किया है।
