कोरोना मामले कम होने के बावजूद ‘ट्रेस, टेस्ट एण्ड ट्रीट’ पॉलिसी प्रभावी ढंग से जारी रखी जाय: मुख्यमंत्री

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कोरोना मामले कम होने के बावजूद ‘ट्रेस, टेस्ट एण्ड ट्रीट’ पॉलिसी प्रभावी ढंग से जारी रखी जाय: मुख्यमंत्री

लखनऊ: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि राज्य में कोविड संक्रमण की स्थिति नियंत्रण में है। सभी के सहयोग एवं प्रदेश सरकार के सतत प्रयास से इसमें सफलता मिली है। कोरोना संक्रमण कम हुआ है, किन्तु कोविड-19 अभी समाप्त नहीं हुआ है, इसे ध्यान में रखते हुए निरन्तर आवश्यक सावधानी और सतर्कता बरते जाने की जरूरत है। इसके दृष्टिगत राज्य सरकार की ‘ट्रेस, टेस्ट एण्ड ट्रीट’ पॉलिसी को प्रभावी ढंग से जारी रखा जाए। प्रदेशवासियों को कोरोना संक्रमण से बचाव के सम्बन्ध में निरन्तर जागरूक किया जाए।

मुख्यमंत्री आज वर्चुअल माध्यम से आहूत एक उच्च स्तरीय बैठक में प्रदेश में कोविड-19 की स्थिति की समीक्षा कर रहे थे। बैठक में मुख्यमंत्री जी को अवगत कराया गया कि विगत 24 घण्टों में प्रदेश में कोरोना संक्रमण के 500 से भी कम मामले मिले हैं। पिछले 24 घण्टों में संक्रमण के 468 नए मामले प्रकाश में आए हैं। इसी अवधि में 1,221 संक्रमित व्यक्तियों का सफल उपचार करके डिस्चार्ज किया गया है। वर्तमान में संक्रमण के एक्टिव मामलों की संख्या 8,986 है। पिछले 24 घण्टों में 2,89,943 कोविड टेस्ट किए गए हैं। इनमें संक्रमण की पॉजिटिविटी दर 0.2 प्रतिशत रही है। राज्य में अब तक कुल 05 करोड़, 33 लाख, 45 हजार 463 कोरोना टेस्ट किए जा चुके हैं। इनमें संक्रमण की पॉजिटिविटी दर 3.19 प्रतिशत है। राज्य में कोरोना संक्रमण की रिकवरी दर में भी निरन्तर वृद्धि हो रही है। रिकवरी दर अब बढ़कर 98.2 प्रतिशत हो गई है।

मुख्यमंत्री को अवगत कराया गया कि उनके निर्देशानुसार निगरानी समितियों द्वारा स्क्रीनिंग के साथ ही, लक्षण युक्त तथा संदिग्ध संक्रमित व्यक्तियों को मेडिसिन किट उपलब्ध कराने का कार्य सुचारु रूप से चल रहा है। निगरानी समितियों के पास पर्याप्त संख्या में मेडिसिन किट उपलब्ध है। बच्चों में वायरल बुखार आदि के उपचार के लिए मेडिसिन किट तैयार कराई जा रही हैं। 15 जून, 2021 से निगरानी समितियों के माध्यम से इनका वितरण कराया जाएगा। ब्लैक फंगस के मरीजों को भारत सरकार द्वारा उपलब्ध कराई गई दवाओं के अतिरिक्त, विशेषज्ञों के परामर्श के अनुसार वैकल्पिक दवा भी उपलब्ध करायी जा रही है। सामुदायिक, प्राथमिक एवं उप स्वास्थ्य केन्द्रों तथा हेल्थ एवं वेलनेस सेण्टर के सुदृढ़ीकरण का कार्य तेजी से प्रगति पर है। इसकी प्रगति की समीक्षा भी नियमित की जा रही है।

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