देहरादून। उत्तराखंड में एक बार फिर से बारिश कहर बरपा रही है। आज शनिवार सुबह भारी बारिश और भूस्खलन के अलावा बादल फटने से दो महिलाओं की मौत हो गई। महिला की मौत बारिश के बाद गिरे मलबे में दबने के कारण हुई है। वहीं दारचूला में बादल फटने से पिथौरागढ़ के सीमावतÊ क्षेत्रों में भारी तबाही मची है। पिथौरागढ़ के विकासखंड धारचूला में एक महिला की मौत हो गई है। जबकि 50 घर जलमग्न हो गए। नेपाल में भी बादल फटने से पांच लोगों की मौत हुई है। विकासखंड धारचूला में बारिश ने भारी तबाही मचाई है। जिसके चलते धारचूला क्षेत्र के गलाती, खोतिला और मल्ली बाजार में भारी नुकसान हुआ। खोतिला में 50 से अधिक मकानों में मलबा घुस जाने से लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। लोगों ने घर से भागकर अपनी जान बचाई है। आज शनिवार सुबह रुद्रप्रयाग में उखीमठ ब्लॉक के तुलंगा गांव में सुरजी देवी गांव में ही गौशाला जा रही थी। इसी दौरान अचानक मलबा आ गया। जिससे वह मलबे में दब गई। वहीं रमाधव चिकित्सालय नारायणकोटी के पास सड़क कटने से यातायात ठप हो गया है। गुप्तकाशी कालीमठ कोटमा मार्ग विद्यापीठ और भैरवघाटी पर मलबा आने से बंद हो गया हैं।
जबकि नाला जाखधार मार्ग इंटर कॉलेज गुप्तकाशी के पास पुस्ता धंसने से बंद हो गया है। पिथौरागढ़ के ब्लाक धारचूला में भारी बारिश के चलते धारचूला के गलाती, खोतिला और मल्ली बाजार में भारी तबाही हुई है। पैदल पुल बह गए और गलाती में कई घरों को नुकसार हुआ है। प्रधान राम सिंह ने बताया क्षेत्र में बारिश के चलते भारी नुकसान हुआ है। खोतिला में 30 अधिक मकानों में मलबे ने तबाही मचाई है। लोगों ने भागकर जान बचाई। धारचूला मल्ली बाजार में सड़कें मलबे और पानी से भरी हुई हैं। वहीं नेपाल के इलाके में कल रात से हो रही अतिवृष्टि के चलते बारिश के साथ मलबे ने काली नदी का रुख बदलने से धारचूला में काफी नुकसान हुआ। नैनीताल, चमोली और बागेश्वर जिले में आने वाले 24 घंटे के दौरान भारी बारिश की संभावना जताई है। मौसम विभाग ने प्रदेश के कुछ जिलों में बारिश का येलो अलर्ट जारी किया है। इसी के साथ शासन, जिला प्रशासन के साथ आपदा प्रबंधन से जुड़े अफसरों को 24 घंटे सतर्क रहने को कहा है।
