हरिद्वार। सावन महीने में होने वाली कांवड़ यात्रा इस समय अपने पूरे चरम पर है। हरिद्वार में हर गली और हर सड़क पर इस समय केसरिया रंग के कपड़े पहने कांवड़िए नजर आ रहे हैं। हरिद्वार-नजीबाबाद व हरिद्वार-दिल्ली हाईवे के साथ गंगनहर पटरी पर गंगा के समांतर कांवड़ियों के शिव आस्था की गंगा बह रही है। हर किसी के मुंह से हर हर महादेव और बोल बम निकल रहा है। आज शनिवार की सुबह तक करीब 90 लाख शिवभक्तों गंगाजल कांवड़ में लेकर अपने घर की तरफ चल पड़े हैं। बताया जाता है कि अभी तक दो करोड शिव भक्त गंगाजल लेकर हरिद्वार से रवाना हो चुका है।
Read also: Yasin Malik News: तिहाड़ जेल में भूख हड़ताल पर बैठा आतंकी संगठन का चीफ यासीन मलिक
बता दें कि गत 14 जुलाई से कांवड़ यात्रा शुरू हुई थी। यात्रा शुरू होने के बाद से पंचक लग गए थे। इस कारण बड़ी संख्या में शिवभक्त हरिद्वार नहीं पहुंच रहे थे। इसके बाद जब गत 20 जुलाई को पंचक खत्म हुए तो कांवड़ यात्रा अपने चरम पर पहुंच गई। बाहरी प्रदेशों से आने वाले श्रद्धालुओं का क्रम लगातार बना हुआ है। दिन-रात लाखों कांवड़िए हरिद्वार पहुंच रहे हैं। उतने ही वापसी कर रहे हैं। हरकी पैड़ी समेत सभी प्रमुख घाटों पर लाखों श्रद्धालु स्नान करने और कांवड़ की पूजा करने के बाद अपनी वापसी कर रहे हैं।
हरकी पैड़ी, मालवीय घाट,सुभाष घाट, सर्वानंद घाट, गऊ घाट पर चारों तरफ कांवड़िए नजर आ रहे हैं। हरिद्वार के प्रमुख बाजारों में कांवड़िए नजर आ रहे हैं। दुकानदारों ने इस दौरान प्रतिष्ठानों पर केवल कांवड़ यात्रा से संबंधित सामग्री रखी है। मनसा देवी,दक्ष प्रजापति,चंडीदेवी मंदिर के अलावा और सभी प्रमुख मंदिरों में शिवभक्तों की लाइन लगी है।

